रेणुका बांध विस्थापित समिति ने अवैध कार्य पर जताया विरोध

rakesh nandan

11/05/2026

रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति ने सोमवार को डीएफओ रेणुका जी को एक शिकायत पत्र सौंपकर हिमाचल प्रदेश कॉरपोरेशन पर बिना अनुमति कार्य शुरू करने का आरोप लगाया। समिति का कहना है कि संबंधित विभाग के पास कार्य शुरू करने की आवश्यक अनुमति उपलब्ध नहीं थी, इसके बावजूद साइट पर काम किया जा रहा था।

समिति के प्रतिनिधियों ने बताया कि डीएफओ ने उन्हें जानकारी दी कि शनिवार को ही कार्य बंद करने के लिए संबंधित पक्ष को पत्र जारी कर दिया गया था। इसके बावजूद भी कार्य जारी रखा गया।

संघर्ष समिति के सदस्यों का कहना है कि जब वे सोमवार दोपहर करीब 12 बजे कार्य स्थल पर पहुंचे तो वहां मशीनरी चल रही थी और काम जारी था। हालांकि समिति के पहुंचने के बाद मशीनरी बंद कर दी गई और काम रोक दिया गया।

रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति ने मांग की है कि जब तक सभी आवश्यक अनुमति और औपचारिकताएं पूरी नहीं हो जातीं, तब तक किसी भी प्रकार का निर्माण या अन्य कार्य शुरू नहीं किया जाए। समिति ने कहा कि इस संबंध में अधिकारियों को स्पष्ट आदेश जारी कर दिए गए हैं और फिलहाल कार्य बंद करवा दिया गया है।

समिति ने चेतावनी दी है कि यदि दोबारा बिना अनुमति कार्य शुरू किया गया तो मामले की शिकायत सीबीआई, विजिलेंस और पुलिस विभाग से की जाएगी तथा इसकी उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाई जाएगी।

संघर्ष समिति ने यह मांग भी रखी कि जिन छह परिवारों और दो अन्य परिवारों की भूमि फॉरेस्ट लैंड के दायरे में आती है, उन्हें भी उचित मुआवजा दिया जाए।

समिति के प्रेस सचिव योगी ठाकुर ने कहा कि विस्थापित परिवारों के अधिकारों की अनदेखी नहीं होनी चाहिए और प्रभावित लोगों को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रहेगा।