जिले में अवैध निर्माण गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए जिला स्तरीय समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक सोमवार को आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता उपायुक्त गंधर्वा राठौड़ ने की। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया और जिले के शहरी निकायों तथा विशेष योजना क्षेत्रों में हो रहे अवैध निर्माण कार्यों पर विस्तृत चर्चा की गई।
🏗️ अवैध निर्माण पर प्रशासन सख्त
बैठक के दौरान उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले में नगर एवं ग्राम नियोजन अधिनियम के सभी प्रावधानों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी नए भवन को बिजली, पानी या अन्य मूलभूत सुविधाएं तभी दी जाएं, जब संबंधित विभागों से आवश्यक एनओसी प्राप्त हो।
⚠️ बिना अनुमति निर्माण पर कार्रवाई
उपायुक्त ने बताया कि अधिसूचित योजना क्षेत्रों और विशेष क्षेत्रों में किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य करने से पहले टीसीपी विभाग की अनुमति अनिवार्य है। इसके अलावा अब ग्रामीण क्षेत्रों में भी 1000 वर्गमीटर से अधिक क्षेत्रफल वाले प्लॉट पर निर्माण के लिए पूर्व अनुमति जरूरी कर दी गई है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि 1000 वर्गमीटर से अधिक भूमि की रजिस्ट्री के लिए भी एनओसी अनिवार्य होगी।
📢 पंचायत स्तर तक पहुंचे जानकारी
उपायुक्त गंधर्वा राठौड़ ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में लागू किए गए नए नियमों की जानकारी हर पंचायत तक पहुंचाई जाए। इसके लिए टीसीपी विभाग को सभी खंड विकास अधिकारियों (BDO) के साथ समन्वय स्थापित करने को कहा गया, ताकि लोगों को समय रहते नियमों की जानकारी मिल सके और वे नियमों का पालन कर सकें।
🏠 अवैध भवनों को मिला आखिरी मौका
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि शहरी और विशेष योजना क्षेत्रों में बिना अनुमति निर्माण कर चुके लोगों को अपने भवनों के नक्शे नियमित (रेगुलराइज) करवाने का एक अंतिम अवसर दिया जाएगा। उपायुक्त ने चेतावनी दी कि यदि इसके बाद भी कोई भवन मालिक अपने नक्शे को नियमित नहीं करवाता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
📊 अधिकारियों ने दी विस्तृत जानकारी
बैठक में टीसीपी विभाग के योजनाकार हरजिंद्र सिंह और सहायक योजनाकार मनीषा रांगड़ा ने जिले के अधिसूचित और विशेष योजना क्षेत्रों का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया। उन्होंने अधिकारियों को टीसीपी अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों और नियमों की जानकारी भी दी, ताकि सभी विभाग एक समान समझ के साथ कार्य कर सकें।
👮♂️ कई अधिकारी रहे मौजूद
इस बैठक में एएसपी राजेश कुमार, नगर निगम आयुक्त राकेश शर्मा, एसडीएम हमीरपुर संजीत सिंह और एसडीएम बड़सर स्वाति डोगरा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने अवैध निर्माण पर नियंत्रण के लिए समन्वित कार्रवाई पर सहमति जताई।