प्रवासी मजदूरों को 5 किलो गैस सिलेंडर सुविधा

rakesh nandan

18/04/2026

हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में प्रवासी मजदूरों की सुविधा के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। जिला नियंत्रक, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले शमशेर सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि जिले में कार्यरत उन प्रवासी मजदूरों को 5 किलोग्राम के वाणिज्य गैस सिलेंडर उपलब्ध करवाए जा रहे हैं, जिनके पास स्थायी घरेलू गैस कनेक्शन नहीं है।

यह पहल विशेष रूप से उन मजदूरों के लिए लाभकारी है, जो अस्थायी रूप से जिले में काम कर रहे हैं और जिन्हें खाना बनाने के लिए गैस जैसी बुनियादी सुविधा प्राप्त करने में कठिनाई होती है। छोटे आकार के इन गैस सिलेंडरों से उन्हें आसानी से खाना पकाने की सुविधा मिल सकेगी।

जिला नियंत्रक ने बताया कि इन सिलेंडरों को प्राप्त करने के लिए प्रवासी मजदूरों को अपने कार्यस्थल के नजदीकी गैस एजेंसी में आवेदन करना होगा। आवेदन प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें उपलब्धता के आधार पर गैस सिलेंडर प्रदान किए जाएंगे।

उन्होंने जिले में कार्यरत सभी प्रवासी मजदूरों से अपील की कि वे इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए संबंधित गैस एजेंसी से संपर्क करें और अपनी मांग दर्ज करवाएं। इससे उन्हें समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध हो सकेंगे और उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ेगा।

इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए जिला नियंत्रक कार्यालय, नाहन सहित विभिन्न गैस एजेंसियों के दूरभाष नंबर भी जारी किए गए हैं, ताकि मजदूर आसानी से जानकारी प्राप्त कर सकें और आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर सकें।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जिले में घरेलू गैस सिलेंडरों की नियमित आपूर्ति की जा रही है, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में औसत से अधिक बुकिंग होने के कारण कुछ गैस एजेंसियों में बैकलॉग की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इसके चलते कुछ स्थानों पर गैस की आपूर्ति में देरी हो रही है।

ऐसे में 5 किलोग्राम के वाणिज्य गैस सिलेंडर की यह व्यवस्था प्रवासी मजदूरों के लिए राहत का काम करेगी। इससे न केवल उनकी दैनिक जरूरतें पूरी होंगी, बल्कि गैस आपूर्ति प्रणाली पर भी अतिरिक्त दबाव कम होगा।

यह पहल सरकार के उस प्रयास का हिस्सा है, जिसके तहत समाज के हर वर्ग तक आवश्यक सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं। प्रवासी मजदूर, जो अक्सर अस्थायी परिस्थितियों में काम करते हैं, उनके लिए इस तरह की योजनाएं बेहद महत्वपूर्ण होती हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि छोटे गैस सिलेंडर की उपलब्धता से न केवल मजदूरों की जीवनशैली में सुधार होगा, बल्कि यह सुरक्षित और स्वच्छ ईंधन के उपयोग को भी बढ़ावा देगा। इससे पर्यावरण संरक्षण में भी सकारात्मक योगदान मिलेगा।

अंत में, यह कहा जा सकता है कि सिरमौर जिले में प्रवासी मजदूरों के लिए शुरू की गई यह गैस सिलेंडर सुविधा एक सराहनीय कदम है, जो उनके जीवन को आसान बनाने और उन्हें बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।