जिला सिरमौर में पुलिस ने अवैध शराब और मारपीट से जुड़े कई मामलों में कार्रवाई करते हुए अलग-अलग थानों में अभियोग दर्ज किए हैं। इन मामलों में अवैध शराब की बरामदगी के साथ-साथ मारपीट और जान से मारने की धमकी जैसी घटनाएं भी सामने आई हैं, जिनकी जांच जारी है।
सबसे पहले मामला पुलिस थाना पुरुवाला का है, जहां गश्त के दौरान गांव नारीवाला में एक महिला के कब्जे से लगभग 5 लीटर अवैध शराब बरामद की गई। पुलिस ने मौके पर कार्रवाई करते हुए महिला के खिलाफ हिमाचल प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 39(1)(a) के तहत मामला दर्ज किया है। इस मामले में आगे की जांच की जा रही है ताकि अवैध शराब के स्रोत और नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
इसी थाना पुरुवाला में एक अन्य कार्रवाई के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि गांव ज्वालापुर में एक महिला अवैध रूप से शराब बेचने का धंधा कर रही है। सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी की और वहां से करीब 4 लीटर अवैध शराब बरामद की। इस मामले में भी संबंधित महिला के खिलाफ धारा 39(1)(a) HP Excise Act के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह अवैध कारोबार कितने समय से चल रहा था और इसमें अन्य लोग भी शामिल हैं या नहीं।
इसके अलावा, थाना पच्छाद क्षेत्र में मारपीट और धमकी का एक मामला सामने आया है। शिकायतकर्ता अमन शर्मा, निवासी गांव मानरिया, ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई कि 21 अप्रैल 2026 को वह अपनी मौसी को दवाई देने के बाद वापस लौट रहे थे। इस दौरान उनके मामा सुशील शर्मा ने रास्ता रोककर डंडे से मारपीट की, जिससे उन्हें चोटें आईं। आरोप है कि आरोपी जाते समय उन्हें और उनकी मौसी को जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गया।
इस मामले में पुलिस थाना पच्छाद ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 126(2), 115(2) और 351(2) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है और आरोपी की तलाश जारी है।
एक अन्य मामला थाना संगड़ाह क्षेत्र से सामने आया है, जहां एक महिला और उसकी बेटी के साथ मारपीट और धमकी देने की घटना हुई। शिकायतकर्ता तारा देवी ने बताया कि वह अपनी बेटी के साथ पशु लेकर घर लौट रही थी, तभी रास्ते में मांगाराम नामक व्यक्ति ने उनकी बेटी के सिर पर वार किया और दोनों को जान से मारने की धमकी दी।
इस घटना के संबंध में पुलिस थाना संगड़ाह में धारा 126(2) और 351(2) BNS के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ जांच शुरू कर दी है और मामले की गंभीरता को देखते हुए आगे की कार्रवाई की जा रही है।
इन सभी मामलों को देखते हुए यह स्पष्ट होता है कि पुलिस अवैध गतिविधियों और आपराधिक घटनाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है। अवैध शराब के खिलाफ लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं, वहीं मारपीट और धमकी जैसे मामलों में भी त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रकार की कार्रवाई से कानून व्यवस्था बनाए रखने में मदद मिलती है और समाज में अपराध के प्रति डर का माहौल बनता है। साथ ही, लोगों को भी जागरूक रहने और किसी भी अवैध गतिविधि की सूचना पुलिस को देने की अपील की गई है।
अंत में, यह कहा जा सकता है कि सिरमौर पुलिस द्वारा की गई यह कार्रवाई कानून व्यवस्था को मजबूत करने और अपराध पर नियंत्रण रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी इस प्रकार की कार्रवाई जारी रहेगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।