हमीरपुर के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को मुफ्त JEE-NEET कोचिंग

rakesh nandan

06/06/2026

हमीरपुर के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को मिलेगी मुफ्त JEE-NEET कोचिंग, जिला प्रशासन की नई पहल

हमीरपुर। जिला हमीरपुर के मेधावी विद्यार्थियों, विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों की छात्राओं और प्रतिभाशाली छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी का अवसर उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। जिला प्रशासन ने स्वयंसेवी संस्था वीनस फाउंडेशन और ऑनलाइन शिक्षा मंच Physics Wallah के सहयोग से एक विशेष कार्यक्रम शुरू किया है, जिसके तहत चयनित विद्यार्थियों को निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग उपलब्ध करवाई जाएगी।

इस संबंध में शनिवार को हमीरपुर के बचत भवन में आयोजित शिक्षा एवं ग्रामीण उद्यमिता सम्मेलन ‘नवदिशा’ में उपायुक्त Gandharva Rathore ने विद्यार्थियों के साथ संवाद करते हुए इस योजना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन और वीनस फाउंडेशन के बीच एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस समझौते के तहत जिला हमीरपुर के चयनित प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को 11वीं कक्षा से ही फिजिक्सवाला का ऑनलाइन अध्ययन पैकेज पूरी तरह निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा।

उपायुक्त ने कहा कि वर्तमान समय में जेईई और नीट जैसी राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त करने के लिए गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन और नियमित कोचिंग की आवश्यकता होती है। हालांकि ग्रामीण क्षेत्रों के अनेक मेधावी विद्यार्थी आर्थिक परिस्थितियों या उचित कोचिंग सुविधाओं की कमी के कारण अपनी पूरी क्षमता के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर पाते। इसी चुनौती को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने यह पहल शुरू की है।

उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में अवसरों की समानता सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है। इस योजना का उद्देश्य केवल कोचिंग उपलब्ध कराना नहीं बल्कि ऐसे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण और प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं की तैयारी के लिए आवश्यक संसाधन प्रदान करना भी है।

उपायुक्त ने वीनस फाउंडेशन और फिजिक्सवाला का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि निजी संस्थाओं और सामाजिक संगठनों का सहयोग शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है। उन्होंने चयनित विद्यार्थियों को सलाह दी कि वे इस अवसर का पूरा लाभ उठाएं और अपनी पढ़ाई में निरंतरता तथा अनुशासन बनाए रखें।

उन्होंने कहा कि यदि विद्यार्थी समर्पण और मेहनत के साथ तैयारी करेंगे तो वे जेईई, नीट और अन्य प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकते हैं। इससे न केवल उनका व्यक्तिगत भविष्य बेहतर होगा बल्कि जिले और प्रदेश का नाम भी रोशन होगा।

कार्यक्रम में वीनस फाउंडेशन की प्रमुख एकता चौधरी ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि फाउंडेशन का उद्देश्य प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है ताकि आर्थिक या भौगोलिक सीमाएं उनकी सफलता में बाधा न बनें। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर मेहनत करने के लिए प्रेरित किया।

इस अवसर पर वीनस फाउंडेशन की टीम सदस्य दिव्या और स्वराल तथा फिजिक्सवाला के शिक्षक अमित कुमार ने भी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया। उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की रणनीति, समय प्रबंधन और अध्ययन तकनीकों के बारे में महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए।

कार्यक्रम के दौरान कई विद्यार्थियों ने भी अपने विचार व्यक्त किए और इस पहल के लिए जिला प्रशासन का आभार जताया। विद्यार्थियों ने कहा कि निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग से उन्हें गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री और विशेषज्ञ शिक्षकों का मार्गदर्शन मिलेगा, जिससे उनकी तैयारी और मजबूत होगी।

सम्मेलन के दूसरे सत्र में महिला स्वयं सहायता समूहों और महिला उद्यमियों के साथ संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान वीनस फाउंडेशन की टीम ने विभिन्न महिला समूहों द्वारा तैयार किए गए उत्पादों का अवलोकन और मूल्यांकन किया।

एकता चौधरी और विशेषज्ञों की टीम ने महिला उद्यमियों को आश्वासन दिया कि वीनस फाउंडेशन उनके उत्पादों की ब्रांडिंग और मार्केटिंग में हरसंभव सहयोग प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों को बड़े बाजार तक पहुंचाने के लिए आधुनिक विपणन तकनीकों और डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग आवश्यक है।

जिला प्रशासन की यह पहल शिक्षा और महिला उद्यमिता दोनों क्षेत्रों में नए अवसर सृजित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। इससे जहां विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी का अवसर मिलेगा, वहीं महिला स्वयं सहायता समूहों को अपने उत्पादों के विपणन और व्यवसाय विस्तार में सहायता प्राप्त होगी।