ईवीएम पर कांग्रेस का दोहरा रवैया: त्रिलोक कपूर

rakesh nandan

06/05/2026

Bharatiya Janata Party के प्रदेश वरिष्ठ प्रवक्ता त्रिलोक कपूर ने मुख्यमंत्री Sukhvinder Singh Sukhu के हालिया बयान पर तीखा पलटवार करते हुए कांग्रेस पार्टी पर ईवीएम को लेकर दोहरा रवैया अपनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का पुराना “जाप” एक बार फिर सामने आ गया है कि जब जीत मिलती है तो ईवीएम सही होती है और जब हार मिलती है तो वही मशीनें सवालों के घेरे में आ जाती हैं।

त्रिलोक कपूर ने कहा कि हाल ही में विभिन्न राज्यों में भाजपा की सफलता ने कांग्रेस के उस नैरेटिव को पूरी तरह खारिज कर दिया है, जिसमें चुनावी हार के बाद ईवीएम पर सवाल उठाए जाते हैं। उन्होंने कहा कि जनता अब विकास, स्थिरता और मजबूत नेतृत्व की राजनीति को प्राथमिकता दे रही है और यही कारण है कि भाजपा को लगातार जनसमर्थन मिल रहा है।

उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में भाजपा की बड़ी सफलता केवल एक चुनावी जीत नहीं, बल्कि लंबे समय से चली आ रही राजनीतिक व्यवस्था के खिलाफ जनता का स्पष्ट संदेश है। कपूर ने दावा किया कि राज्य में जनता ने बदलाव के पक्ष में मतदान किया और भाजपा को व्यापक समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव परिणामों ने यह साबित कर दिया है कि लोग अब विकास आधारित राजनीति चाहते हैं।

असम का जिक्र करते हुए त्रिलोक कपूर ने कहा कि वहां भाजपा ने लगातार तीसरी बार मजबूत जनादेश प्राप्त किया है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व और विकास नीतियों पर जनता के विश्वास का प्रतीक बताया। कपूर ने कहा कि असम की जनता ने स्थिर सरकार और विकास कार्यों को देखते हुए भाजपा को फिर से सत्ता सौंपी है।

उन्होंने पुडुचेरी में भाजपा की वापसी का उल्लेख करते हुए कहा कि यह राष्ट्रीय स्तर पर पार्टी की बढ़ती स्वीकार्यता का प्रमाण है। उनके अनुसार देशभर में भाजपा को मिल रहा समर्थन इस बात का संकेत है कि जनता विपक्ष के आरोपों और भ्रम फैलाने की राजनीति से आगे निकल चुकी है।

त्रिलोक कपूर ने कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्षों तक जाति, धर्म और विभाजनकारी मुद्दों के आधार पर राजनीति की गई, लेकिन अब जनता इन रणनीतियों को समझ चुकी है। उन्होंने कहा कि मतदाता अब ऐसे नेतृत्व को चुन रहे हैं जो विकास, पारदर्शिता और राष्ट्रहित की बात करता है।

मुख्यमंत्री सुक्खू के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कपूर ने कहा कि कांग्रेस की मानसिकता लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है। उन्होंने कहा कि जब कांग्रेस चुनाव जीतती है तो लोकतंत्र मजबूत बताया जाता है, लेकिन हार के बाद ईवीएम पर सवाल खड़े किए जाते हैं। उनके अनुसार यह लोकतंत्र पर नहीं बल्कि कांग्रेस की राजनीतिक सोच पर प्रश्नचिह्न लगाता है।

उन्होंने कहा कि Election Commission of India की चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और संवैधानिक व्यवस्था के तहत संचालित होती है। करोड़ों मतदाताओं की भागीदारी और सुरक्षा व्यवस्थाओं के बीच चुनाव संपन्न होते हैं, इसलिए हार के बाद ईवीएम को दोष देना जनता के जनादेश का अपमान है।

त्रिलोक कपूर ने हिमाचल प्रदेश की राजनीति का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य की जनता भी कांग्रेस सरकार की कार्यशैली और कथित विफलताओं को देख रही है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में प्रदेश में भी जनता विकास और सुशासन के मुद्दे पर फैसला करेगी।

उन्होंने कहा कि देश की राजनीति तेजी से बदल रही है और अब मतदाता भावनात्मक नारों की बजाय ठोस काम और विकास को प्राथमिकता दे रहे हैं। अंत में उन्होंने कहा कि कांग्रेस का पुराना भ्रम फैलाने वाला मॉडल अब समाप्त हो चुका है और देश की जनता विकास, स्थिरता और राष्ट्रहित के साथ मजबूती से खड़ी है।