शोंगटोंग-कड़छम परियोजना 75% पूरी, CM सुक्खू ने समीक्षा

rakesh nandan

15/04/2026

हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने अपने दो दिवसीय किन्नौर दौरे के दौरान सतलुज नदी पर निर्माणाधीन 450 मेगावाट क्षमता की शोंगटोंग-कड़छम जल विद्युत परियोजना की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। यह परियोजना राज्य की ऊर्जा क्षमता को बढ़ाने और स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर परियोजना के विभिन्न महत्वपूर्ण स्थलों का निरीक्षण किया, जिनमें पावरहाउस, सर्ज शाफ्ट और बैराज क्षेत्र शामिल हैं। उन्होंने मौके पर उपस्थित अधिकारियों से बातचीत कर निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि परियोजना के पहले चरण को जनवरी 2027 तक पूरा किया जाए, ताकि वित्त वर्ष के अंत तक इसे पूर्ण रूप से चालू किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य में किसी भी प्रकार की देरी न हो और निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार स्वच्छ ऊर्जा अधोसंरचना को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है और हिमाचल प्रदेश को सतत विकास के मॉडल के रूप में विकसित करने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्तमान में इस परियोजना का लगभग 75 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। उन्होंने जानकारी दी कि बैराज, हेड रेस टनल और पावरहाउस जैसे प्रमुख सिविल कार्य अब अंतिम चरण में हैं। इसके साथ ही विद्युत एवं यांत्रिक कार्य भी निर्धारित समयसीमा के अनुसार चरणबद्ध तरीके से प्रगति पर हैं।

उन्होंने कहा कि परियोजना के पूर्ण होने के बाद प्रतिवर्ष लगभग 1,579 मिलियन यूनिट बिजली उत्पादन होने की संभावना है, जो राज्य की ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इसके साथ ही यह परियोजना प्रदेश की ग्रिड स्थिरता को भी मजबूत करेगी।

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि इस परियोजना से हिमाचल प्रदेश की अर्थव्यवस्था को प्रतिवर्ष लगभग 900 करोड़ रुपये का योगदान मिलेगा। इससे न केवल राजस्व में वृद्धि होगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे और क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी।

उन्होंने कहा कि सरकार परियोजनाओं की निगरानी के लिए मजबूत तंत्र विकसित कर रही है, जिससे निर्माण कार्य में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित की जा सके। स्थल-विशिष्ट समस्याओं के समाधान के लिए आधुनिक तकनीकी उपाय अपनाए जा रहे हैं, जिससे परियोजना की प्रगति में तेजी आई है।

इस अवसर पर राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी, मुख्यमंत्री के सचिव आशीष सिंहमार, हिमाचल प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक आबिद हुसैन सादिक, उपायुक्त डॉ. अमित कुमार शर्मा तथा पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार शर्मा सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

विशेषज्ञों का मानना है कि शोंगटोंग-कड़छम जल विद्युत परियोजना हिमाचल प्रदेश को ऊर्जा उत्पादन के क्षेत्र में एक नई पहचान दिलाने में सहायक होगी। यह परियोजना स्वच्छ और हरित ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देते हुए राज्य को पर्यावरणीय दृष्टि से भी सशक्त बनाएगी।

कुल मिलाकर, यह परियोजना न केवल ऊर्जा उत्पादन क्षमता में वृद्धि करेगी, बल्कि प्रदेश के आर्थिक विकास, रोजगार सृजन और सतत विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी अहम भूमिका निभाएगी।