जिला सिरमौर के शिलाई विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों को गति देते हुए उद्योग, संसदीय मामले एवं श्रम रोजगार मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने आज पीएचसी कोटा पाब का शुभारंभ किया। इसके साथ ही उन्होंने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कोटा पाब में लगभग 23 लाख रुपये की लागत से निर्मित अतिरिक्त कक्षों का लोकार्पण भी किया। इस अवसर पर क्षेत्रवासियों ने पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ उनका भव्य स्वागत किया।
जनसभा को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार, ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में दूरदराज क्षेत्रों में स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। उन्होंने क्षेत्रवासियों को इन नई सुविधाओं के लिए बधाई देते हुए कहा कि इससे स्थानीय लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।

मंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में सरकार द्वारा आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ पर्याप्त स्टाफ की उपलब्धता भी सुनिश्चित की जा रही है। इसका उद्देश्य यह है कि ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उनके घर के नजदीक ही मिल सकें और उन्हें उपचार के लिए दूरदराज क्षेत्रों में न जाना पड़े।
उन्होंने बताया that शिलाई क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में लगभग 19 करोड़ रुपये की लागत से 100 बिस्तरों वाले नागरिक अस्पताल भवन का निर्माण कार्य पूरा किया जा रहा है, जिसे जल्द ही जनता को समर्पित किया जाएगा। इसके बाद शिलाई में ही उन्नत स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी।
मंत्री ने बताया कि वर्तमान में शिलाई अस्पताल में प्रतिदिन 250 से 300 मरीजों की ओपीडी होती है और यहां 8 डॉक्टर सेवाएं दे रहे हैं। पहले मरीजों को पांवटा साहिब या नाहन रेफर किया जाता था, लेकिन अब अधिकांश उपचार स्थानीय स्तर पर ही संभव हो रहा है, जिससे लोगों को समय और खर्च दोनों की बचत हो रही है।

शिक्षा क्षेत्र पर बात करते हुए मंत्र ने कहा कि प्रदेश सरकार गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू कर रही है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में आधुनिक सुविधाएं, मजबूत आधारभूत ढांचा और योग्य शिक्षकों की नियुक्ति सुनिश्चित की जा रही है, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को भी बेहतर शिक्षा मिल सके।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। वर्ष 2021 में प्रदेश शिक्षा के क्षेत्र में 21वें स्थान पर था, लेकिन अब उल्लेखनीय प्रगति करते हुए शीर्ष पांच राज्यों में शामिल हो गया है। यह सरकार की शिक्षा सुधार नीतियों का परिणाम है।
मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि विद्यार्थियों के आत्मविश्वास को बढ़ाने और उनकी नींव मजबूत करने के लिए सरकारी स्कूलों में पहली कक्षा से ही अंग्रेजी माध्यम की शिक्षा शुरू की गई है। इसके अलावा पहले चरण में लगभग 150 सरकारी वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों को सीबीएसई बोर्ड से संचालित किया जाएगा, ताकि छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए बेहतर तैयारी मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने क्षेत्रवासियों की समस्याएं भी सुनीं। लोगों ने सामूहिक और व्यक्तिगत समस्याएं उनके समक्ष रखीं। मंत्री ने अधिकांश समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया और शेष मामलों को संबंधित अधिकारियों को सौंपते हुए समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।

उन्होंने लोगों को आश्वस्त किया कि उनकी सभी उचित मांगों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा। इस अवसर पर कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी मौजूद रहे, जिन्होंने क्षेत्र के विकास कार्यों को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता जताई।
यह कार्यक्रम न केवल विकास कार्यों के उद्घाटन तक सीमित रहा, बल्कि यह सरकार की ग्रामीण क्षेत्रों के प्रति प्रतिबद्धता और जनसेवा के दृष्टिकोण को भी दर्शाता है। स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे ये प्रयास भविष्य में क्षेत्र के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।