इस वर्ष 15 अप्रैल को हिमाचल दिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में प्रतिष्ठित हिमाचल गौरव सम्मान से सम्मानित किए गए प्रख्यात साहित्यकार डॉ. ओम प्रकाश शर्मा ने मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू का आभार व्यक्त किया है।
नादौन उपमंडल की नौहंगी पंचायत के निवासी डॉ. ओम प्रकाश शर्मा ने कहा कि यह सम्मान न केवल उनके व्यक्तिगत योगदान की पहचान है, बल्कि हिमाचल प्रदेश में साहित्य, इतिहास और संस्कृति के क्षेत्र में कार्य कर रहे सभी लेखकों और साहित्यकारों के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने मुख्यमंत्री का धन्यवाद करते हुए कहा कि इस प्रकार के सम्मान से रचनात्मक कार्यों को नई दिशा मिलती है।
डॉ. शर्मा ने बताया कि वे पिछले कई दशकों से साहित्य लेखन और इतिहास के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने हिमाचल की समृद्ध लोक संस्कृति, स्वतंत्रता आंदोलन और सामाजिक विकास से जुड़े विषयों पर निरंतर कार्य किया है। उनके अनुसार, इस सम्मान ने उनके कार्यों को नई पहचान दी है और उन्हें आगे भी समाज के लिए योगदान देने की प्रेरणा मिली है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा इस तरह के पुरस्कारों को बढ़ावा देने से प्रदेश के लेखक और साहित्यकारों को प्रोत्साहन मिलता है। विशेष रूप से नवोदित लेखक इससे प्रेरित होकर साहित्य और इतिहास के क्षेत्र में कार्य करने के लिए आगे आएंगे। इससे हिमाचल प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने में भी मदद मिलेगी।
डॉ. ओम प्रकाश शर्मा का मानना है कि साहित्य केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि यह समाज को दिशा देने का कार्य भी करता है। उनके लेखन में सामाजिक सरोकार, ऐतिहासिक घटनाओं का विश्लेषण और सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण प्रमुख रूप से दिखाई देता है।
उन्होंने बताया कि मानव संसाधन विकास मंत्रालय में निदेशक पद से सेवानिवृत्त होने के बाद भी उन्होंने अपने लेखन कार्य को जारी रखा है। समाज कल्याण के विभिन्न क्षेत्रों में भी उनकी सक्रिय भागीदारी रही है। उनके द्वारा लिखी गई लगभग 15 पुस्तकें साहित्य और इतिहास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान मानी जाती हैं।
डॉ. शर्मा ने यह भी कहा कि हिमाचल प्रदेश में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, आवश्यकता है तो उन्हें उचित मंच और प्रोत्साहन देने की। इस प्रकार के सम्मान से न केवल वरिष्ठ साहित्यकारों का मनोबल बढ़ता है, बल्कि नई पीढ़ी को भी आगे बढ़ने का अवसर मिलता है।
उन्होंने मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार द्वारा साहित्य, संस्कृति और इतिहास को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयास सराहनीय हैं। इससे प्रदेश की पहचान राष्ट्रीय स्तर पर और मजबूत होगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के सम्मान से समाज में सकारात्मक संदेश जाता है और रचनात्मक कार्यों को बढ़ावा मिलता है। इससे न केवल सांस्कृतिक धरोहर का संरक्षण होता है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी अपनी जड़ों से जुड़ने का अवसर मिलता है।
डॉ. ओम प्रकाश शर्मा का यह सम्मान यह दर्शाता है कि हिमाचल प्रदेश में साहित्य और इतिहास के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों को उचित मान्यता मिल रही है। यह पहल आने वाले समय में और अधिक प्रतिभाओं को सामने लाने में सहायक सिद्ध होगी।