अग्निहोत्री ने ललड़ी में अंबेडकर को दी श्रद्धांजलि

rakesh nandan

14/04/2026

हिमाचल प्रदेश में बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर विभिन्न स्थानों पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसी क्रम में उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने हरोली विधानसभा क्षेत्र के ललड़ी में आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया और बाबा साहेब की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए।

इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. अंबेडकर का जीवन संघर्ष, समानता, शिक्षा और सामाजिक न्याय का प्रतीक है। उन्होंने भारतीय संविधान के निर्माण के माध्यम से देश को एक मजबूत लोकतांत्रिक आधार प्रदान किया, जिसने समाज के हर वर्ग को समान अधिकार और अवसर दिए।

उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के विचार आज भी देशवासियों को एकता, समरसता और प्रगति के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। उनके सिद्धांतों को अपनाकर ही समाज में भाईचारा, समान अवसर और न्याय की भावना को मजबूत किया जा सकता है।

उप मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर युवाओं और समाज के सभी वर्गों से आह्वान किया कि वे बाबा साहेब के आदर्शों को अपने जीवन में उतारें और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में योगदान दें।

कार्यक्रम के दौरान उन्होंने सामाजिक सरोकारों से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों में भी भाग लिया। इस दौरान जरूरतमंद लोगों को सहायता राशि के चेक वितरित किए गए, जिससे कई परिवारों को राहत मिली।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार समाज के हर वर्ग के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है और जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लोगों को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान की जा रही है।

इस प्रकार के कार्यक्रम न केवल समाज में जागरूकता बढ़ाते हैं, बल्कि लोगों को एकजुट करने और सामाजिक समरसता को मजबूत करने का भी कार्य करते हैं।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। इस अवसर पर यूथ कांग्रेस अध्यक्ष शुभम जोशी, गुरु रविदास कमेटी ललड़ी के प्रधान गुरदयाल बग्गा, सचिव प्रेम सरोआ, धर्मपाल, सदस्य शम्भूनाथ, पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष परवीन सहोता, पूर्व प्रधान सुखविंद्र कौर, महेश भारद्वाज, राकेश जोशी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं और समाज के हर वर्ग के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।

कुल मिलाकर, ललड़ी में आयोजित यह कार्यक्रम श्रद्धा, सम्मान और सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक बना, जिसमें लोगों ने एकजुट होकर बाबा साहेब को नमन किया और उनके आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया।