पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव के तीसरे एवं अंतिम चरण में जिला हमीरपुर की 82 ग्राम पंचायतों में मतदान के दौरान लोकतंत्र के प्रति लोगों का उत्साह देखने लायक रहा। बुजुर्गों, दिव्यांग मतदाताओं, महिलाओं और पहली बार मतदान करने वाले युवाओं ने बड़ी संख्या में मतदान केंद्रों पर पहुंचकर अपने मताधिकार का प्रयोग किया और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाई।
इस दौरान मुख्यमंत्री Sukhvinder Singh Sukhu की माता 88 वर्षीय संसारदेई भी मतदान के लिए मतदान केंद्र पहुंचीं। उन्होंने ग्राम पंचायत अमलैहड़ के मतदान केंद्र भवड़ां में अपने मताधिकार का प्रयोग किया। उनकी सक्रिय भागीदारी ने अन्य मतदाताओं को भी प्रेरित किया और लोकतंत्र के प्रति जागरूकता का संदेश दिया।
विशेष बात यह रही कि भवड़ां मतदान केंद्र को पिंक बूथ अर्थात महिला मतदान केंद्र के रूप में विकसित किया गया था। इस केंद्र पर मतदान प्रक्रिया को संचालित करने की पूरी जिम्मेदारी महिला अधिकारियों और कर्मचारियों को सौंपी गई थी। यहां पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी तथा सुरक्षा व्यवस्था में तैनात कर्मियों के रूप में केवल महिलाओं की नियुक्ति की गई थी। इस पहल का उद्देश्य महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देना और चुनाव प्रक्रिया में महिलाओं की सक्रिय भूमिका को प्रदर्शित करना था।
मतदान के दौरान विकास खंड भोरंज के विभिन्न मतदान केंद्रों पर भी मतदाताओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं। सुबह से ही मतदाता अपने मतदान केंद्रों पर पहुंचने लगे थे और पूरे दिन मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग से जारी रही। ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोगों ने भारी उत्साह के साथ मतदान किया।
लोकतंत्र के इस महापर्व में वरिष्ठ नागरिकों की भागीदारी विशेष आकर्षण का केंद्र रही। विकास खंड हमीरपुर के ताल मतदान केंद्र पर 96 वर्षीय सुंदरी देवी ने पहुंचकर मतदान किया। उनकी उम्र और उत्साह ने यह साबित कर दिया कि लोकतंत्र के प्रति जिम्मेदारी का भाव किसी आयु सीमा का मोहताज नहीं होता। मतदान केंद्र पर मौजूद अन्य मतदाताओं ने भी उनके उत्साह की सराहना की।
जिले के विभिन्न मतदान केंद्रों पर दिव्यांग मतदाताओं और बुजुर्गों के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध करवाई गई थीं। प्रशासन की ओर से व्हीलचेयर, बैठने की व्यवस्था और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई गई ताकि सभी मतदाता बिना किसी परेशानी के मतदान कर सकें। इन व्यवस्थाओं के कारण वरिष्ठ नागरिकों और विशेष आवश्यकता वाले मतदाताओं को मतदान प्रक्रिया में भाग लेने में सुविधा मिली।
उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) Gandharva Rathore ने मतदान प्रक्रिया का जायजा लेने के लिए विभिन्न मतदान केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने विकास खंड नादौन की ग्राम पंचायत दंगड़ी, जलाड़ी, बटराण, अमलैहड़ और धनेटा के मतदान केंद्रों का दौरा कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने मतदान कर्मियों से आवश्यक जानकारी प्राप्त की और यह सुनिश्चित किया कि मतदान प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संचालित हो। उन्होंने मतदान केंद्रों पर उपलब्ध सुविधाओं और सुरक्षा व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि लोकतंत्र की सफलता नागरिकों की सक्रिय भागीदारी पर निर्भर करती है। बुजुर्गों, महिलाओं, दिव्यांगों और युवाओं का मतदान के प्रति उत्साह इस बात का प्रमाण है कि लोग लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति जागरूक हैं और अपने अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों को भी समझते हैं।
उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव ग्रामीण विकास और स्थानीय स्वशासन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। पंचायत स्तर पर चुने गए प्रतिनिधि गांवों के विकास, स्थानीय समस्याओं के समाधान और जनहितकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसलिए प्रत्येक मतदाता का मतदान करना लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत बनाता है।
हमीरपुर जिले में मतदान के दौरान देखने को मिला उत्साह यह दर्शाता है कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोकतंत्र की जड़ें मजबूत हैं। बुजुर्गों की प्रेरणादायक भागीदारी, महिलाओं की सक्रिय मौजूदगी और युवाओं का जोश लोकतंत्र के स्वस्थ भविष्य का सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।