माता बगलामुखी जयंती पर लोअर बाजार में भंडारा

rakesh nandan

02/05/2026

माता बगलामुखी जयंती के पावन अवसर पर लोअर बाजार क्षेत्र में एक भव्य धार्मिक आयोजन का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। इस अवसर पर लोअर बाजार इकाई द्वारा संयोजक सन्नी लखनपाल की अध्यक्षता में भंडारा वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस धार्मिक आयोजन में श्रद्धालुओं ने न केवल प्रसाद ग्रहण किया, बल्कि माता रानी के दर्शन कर आशीर्वाद भी प्राप्त किया। पूरे आयोजन में भक्ति, सेवा और श्रद्धा का वातावरण देखने को मिला।

श्रद्धालुओं की भारी भागीदारी

कार्यक्रम के दौरान स्थानीय लोगों के साथ-साथ दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। भंडारा वितरण के लिए लंबी कतारें लगी रहीं और हर किसी ने श्रद्धा के साथ प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन समिति के सदस्यों ने पूरे समर्पण के साथ सेवा कार्य किया और यह सुनिश्चित किया कि किसी भी श्रद्धालु को कोई असुविधा न हो।

दोपहर तक चला भंडारा वितरण

संयोजक सन्नी लखनपाल ने जानकारी देते हुए बताया कि भंडारा वितरण कार्यक्रम दोपहर 4 बजे तक लगातार चलता रहा। इसके बाद श्रद्धालुओं के लिए विशेष रूप से हलवा प्रसाद का वितरण भी किया गया, जिसे लोगों ने बड़े श्रद्धा भाव से ग्रहण किया। उन्होंने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य समाज में भाईचारा, सेवा भावना और धार्मिक आस्था को बढ़ावा देना है।

हर वर्ष होता है आयोजन

सन्नी लखनपाल ने कहा कि यह कार्यक्रम हर वर्ष माता बगलामुखी जयंती के अवसर पर आयोजित किया जाता है। इस परंपरा को वर्षों से निभाया जा रहा है और हर साल इसमें श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती जा रही है। यह आयोजन न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि सामाजिक एकता और सहयोग की भावना को भी मजबूत करता है।

माता बगलामुखी का धार्मिक महत्व

माता बगलामुखी को शक्ति और विजय की देवी के रूप में पूजा जाता है। माना जाता है कि उनकी आराधना से भक्तों की सभी बाधाएं दूर होती हैं और उन्हें शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है। उनकी पूजा से व्यक्ति को साहस, आत्मविश्वास और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। साथ ही जीवन में आने वाली नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है और व्यक्ति के जीवन में शांति और समृद्धि आती है।

सेवा और समर्पण की मिसाल

इस आयोजन में समिति के सभी सदस्यों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और पूरे समर्पण के साथ अपनी जिम्मेदारियां निभाईं। भंडारा वितरण के दौरान अनुशासन और व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा गया, जिससे कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त

कार्यक्रम के अंत में आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया और माता रानी से सभी के सुख, शांति और समृद्धि की कामना की। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी ऐसे धार्मिक आयोजनों का आयोजन किया जाता रहेगा, जिससे समाज में सकारात्मक ऊर्जा और आपसी सहयोग की भावना बनी रहे।

धार्मिक और सामाजिक समरसता का प्रतीक

इस प्रकार के आयोजन समाज में धार्मिक और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देते हैं। लोग एकत्र होकर न केवल पूजा-अर्चना करते हैं, बल्कि सेवा कार्यों के माध्यम से एक-दूसरे के साथ जुड़ते भी हैं। अंत में, यह आयोजन श्रद्धा, सेवा और सामाजिक एकता का एक उत्कृष्ट उदाहरण बनकर सामने आया।