विकास खंड नादौन के अंतर्गत आने वाली दो महत्वपूर्ण ग्राम पंचायतों—करंडोला प्लासी और बटराण—में मतदान तिथियों में बदलाव किया गया है। यह निर्णय जिला प्रशासन द्वारा जारी पूर्व आदेश में आंशिक संशोधन के बाद लिया गया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) गंधर्वा राठौड़ ने जानकारी देते हुए बताया कि पहले जारी कार्यक्रम के अनुसार ग्राम पंचायत बटराण में मतदान 26 मई को निर्धारित किया गया था, जबकि करंडोला प्लासी पंचायत में मतदान 30 मई को होना था। हालांकि, प्रशासनिक कारणों के चलते अब इन दोनों पंचायतों की मतदान तिथियों को आपस में बदल दिया गया है।
नए संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, ग्राम पंचायत बटराण में अब मतदान 30 मई को आयोजित किया जाएगा। वहीं, ग्राम पंचायत करंडोला प्लासी में मतदान की प्रक्रिया 26 मई को संपन्न होगी।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मतदान तिथियों में यह बदलाव चुनाव प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित और सुचारु बनाने के उद्देश्य से किया गया है। कई बार स्थानीय परिस्थितियों, संसाधनों की उपलब्धता तथा चुनावी व्यवस्थाओं को ध्यान में रखते हुए इस प्रकार के निर्णय लिए जाते हैं, ताकि मतदाताओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो और मतदान शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हो सके।
इस बदलाव के बाद संबंधित पंचायतों के मतदाताओं से अपील की गई है कि वे नई तिथियों के अनुसार अपने मतदान अधिकार का प्रयोग करें। प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित किया है कि सभी मतदान केंद्रों पर आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी, ताकि मतदान प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी बनी रहे।
चुनाव आयोग द्वारा पंचायत स्तर पर होने वाले चुनावों को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। मतदान केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था, मतदाता सूची का सत्यापन तथा कर्मचारियों की तैनाती जैसे सभी पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है।
ग्रामीण स्तर पर लोकतंत्र को मजबूत करने में पंचायत चुनावों की अहम भूमिका होती है। ऐसे में प्रशासन का यह प्रयास रहता है कि चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो।
मतदान तिथियों में बदलाव की जानकारी संबंधित पंचायतों में भी पहुंचा दी गई है, ताकि कोई भी मतदाता भ्रमित न हो। साथ ही, स्थानीय प्रशासन और पंचायत प्रतिनिधियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे लोगों को नई तिथियों के बारे में जागरूक करें।
यह बदलाव भले ही छोटा लग सकता है, लेकिन चुनावी प्रक्रिया में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। सही समय पर सही जानकारी मिलने से मतदाता अधिक संख्या में मतदान केंद्रों तक पहुंचते हैं, जिससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया और मजबूत होती है।
अंत में, जिला प्रशासन ने सभी मतदाताओं से अपील की है कि वे लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और अपने मताधिकार का जिम्मेदारी से उपयोग करें।