ऊना में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर जिला स्तरीय कार्यक्रम
जतिन लाल, उपायुक्त ऊना ने कहा कि बेटियों को शिक्षा और अवसरों में प्राथमिकता देना समय की आवश्यकता है, ताकि वे अपने अधिकार प्राप्त कर आत्मनिर्भर बन सकें। उन्होंने कहा कि जब बेटियां शिक्षित और सशक्त बनती हैं तो पूरा समाज प्रगति की दिशा में आगे बढ़ता है। उपायुक्त शनिवार को लाला जगत प्रकाश नारायण कन्या महाविद्यालय लालसिंगी में आयोजित अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के जिला स्तरीय कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ थीम पर कार्यक्रम
इस वर्ष महिला दिवस कार्यक्रम की थीम “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” पर केंद्रित रही। कार्यक्रम का आयोजन सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा किया गया, जिसमें विभिन्न विभागों के अधिकारी, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं। इस अवसर पर अनीता शर्मा, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ऊना विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं।
समाज में महिलाओं की अहम भूमिका
उपायुक्त जतिन लाल ने अपने संबोधन में कहा कि महिलाओं का हमारे जीवन और समाज को सही दिशा देने में महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने कहा कि समाज के समावेशी विकास के लिए महिलाओं का शिक्षित, आत्मनिर्भर और जागरूक होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बेटियों को भी वही अवसर मिलने चाहिए जो बेटों को दिए जाते हैं।
बेटियों को शिक्षा से मिलेगी आत्मनिर्भरता
उपायुक्त ने कहा कि जब बेटियां शिक्षित होती हैं तो पूरा समाज शिक्षित और प्रगतिशील बनता है। उन्होंने कहा कि शिक्षा के माध्यम से महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होती हैं और जीवन में आत्मनिर्भर बनकर आगे बढ़ती हैं। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से बेटियों की शिक्षा और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया।
महिलाओं को कानूनी अधिकारों की जानकारी
कार्यक्रम के दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ऊना की सचिव अनीता शर्मा ने महिलाओं को उनके कानूनी अधिकारों के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने महिलाओं को निम्न विषयों के बारे में जागरूक किया:
निःशुल्क कानूनी सहायता
मध्यस्थता की व्यवस्था
समानता का अधिकार
महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े कानून
उन्होंने महिलाओं को समाज में नेतृत्वकारी भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।
स्वास्थ्य और पोषण पर जानकारी
इस अवसर पर डॉ. इंदु भारद्वाज, आयुष विभाग ने महिला स्वास्थ्य से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं पर जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने और नियमित स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी।
विभागीय योजनाओं की जानकारी
कार्यक्रम की शुरुआत में बाल विकास परियोजना अधिकारी शिव कुमार ने मुख्य अतिथि और अन्य अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी। इसके अलावा हरीश मिश्रा ने भी कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त किए।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बढ़ाया उत्साह
कार्यक्रम के दौरान आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और महिलाओं द्वारा कई सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं।
इनमें प्रमुख रूप से शामिल रहीं:
महिला सशक्तिकरण पर मॉडलिंग
‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ विषय पर स्किट
विभागीय योजनाओं पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम
इन प्रस्तुतियों के माध्यम से समाज में बेटियों के महत्व और महिला सशक्तिकरण का संदेश दिया गया।
उत्कृष्ट महिलाओं को किया सम्मानित
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया। इसके अलावा पोषण अभियान के अंतर्गत तीन बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार भी करवाया गया। साथ ही तीन गर्भवती महिलाओं की गोद भराई रस्म भी संपन्न करवाई गई। सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाली महिलाओं को भी पुरस्कार प्रदान किए गए।
कार्यक्रम में कई अधिकारी रहे उपस्थित
इस अवसर पर कई अधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से शामिल थे:
कमलदीप सिंह
विभागीय अधिकारी
विभिन्न ब्लॉकों के सुपरवाइजर
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता