ऊना में 1000 करोड़ की जल योजनाओं में तेजी के निर्देश

rakesh nandan

05/04/2026

हिमाचल प्रदेश के Una जिले में जल शक्ति विभाग की विकासात्मक परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए उपमुख्यमंत्री Mukesh Agnihotri ने अधिकारियों को निर्माणाधीन कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि पेयजल और सिंचाई सुविधाएं समयबद्ध तरीके से जनता तक पहुंचनी चाहिए।

💧 1000 करोड़ रुपये की परियोजनाएं प्रगति पर

उपमुख्यमंत्री ने जानकारी देते हुए बताया कि ऊना जिले में इस समय लगभग 1000 करोड़ रुपये की पेयजल और सिंचाई परियोजनाएं चल रही हैं। इनमें करीब 550 से 600 करोड़ रुपये की पेयजल योजनाएं और 350 से 400 करोड़ रुपये के सिंचाई कार्य शामिल हैं।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी लंबित परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए और आवश्यक प्रस्ताव समय पर तैयार किए जाएं, ताकि योजनाओं में अनावश्यक देरी न हो।

🚰 नई योजनाओं पर भी जोर

उन्होंने विशेष रूप से भभौर साहिब से पोलियां बीत तक 175 करोड़ रुपये की पेयजल योजना को तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। यह योजना क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

📊 पूर्ण और निर्माणाधीन योजनाओं का विवरण

उपमुख्यमंत्री ने बताया कि मार्च 2026 तक जिले में:

  • 233 पेयजल योजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं
  • 54 योजनाएं निर्माणाधीन हैं
  • 595 सिंचाई योजनाएं पूरी की जा चुकी हैं
  • 67 सिंचाई योजनाएं प्रगति पर हैं

इन सिंचाई योजनाओं के माध्यम से लगभग 18,796 हेक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा प्रदान की जा चुकी है, जिससे किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है।

🚿 हैंडपंप और सीवरेज परियोजनाएं

उन्होंने बताया कि जिले में अब तक 3,266 हैंडपंप स्थापित किए जा चुके हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल उपलब्धता बेहतर हुई है।

इसके अलावा 7 सीवरेज (मल निकासी) योजनाएं भी प्रगति पर हैं, जो शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को सुदृढ़ करने में सहायक होंगी।

🌏 एडीबी परियोजनाओं की समीक्षा

एशियन डेवलपमेंट बैंक (ADB) के सहयोग से चल रही परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए उन्होंने बताया कि कुल 19 योजनाओं में से 7 पूरी हो चुकी हैं। शेष परियोजनाओं को भी जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।

उन्होंने विशेष रूप से 22.74 करोड़ रुपये की संतोषगढ़ सीवरेज योजना के शेष कार्य को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने को कहा।

⚙️ ट्यूबवेल प्रबंधन में सुधार

जल प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए उपमुख्यमंत्री ने बताया कि जिले के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में लगभग 600 ट्यूबवेल संचालित हैं।

जिन ट्यूबवेलों की मरम्मत या पुनर्निर्माण आवश्यक है, उनके लिए समेकित डीपीआर तैयार की जाएगी और उनका आधुनिकीकरण किया जाएगा।

इसके साथ ही सभी ट्यूबवेलों को नई क्रम संख्या देकर विधानसभा-वार डेटा तैयार किया जा रहा है, ताकि उनका वैज्ञानिक और व्यवस्थित प्रबंधन सुनिश्चित किया जा सके।

👥 अधिकारियों की उपस्थिति

इस समीक्षा बैठक में जल शक्ति विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख अभियंता अंजू शर्मा, प्रमुख अभियंता (परियोजना) धर्मेंद्र गिल, चीफ इंजीनियर रोहित दुबे और अधीक्षण अभियंता नरेश धीमान सहित अन्य अधिकारी शामिल थे।

🔚 निष्कर्ष

ऊना जिले में जल शक्ति विभाग की परियोजनाओं को गति देने के लिए सरकार द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इन योजनाओं के पूर्ण होने से न केवल पेयजल और सिंचाई सुविधाएं बेहतर होंगी, बल्कि किसानों और आम जनता को भी बड़ा लाभ मिलेगा।