ऊना जिले में स्वच्छ भारत मिशन के तहत चल रहे विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए अतिरिक्त उपायुक्त महेन्द्र पाल गुर्जर ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए।
डीआरडीए बैठक में हुई समीक्षा
ये निर्देश जिला ग्रामीण विकास अभिकरण (DRDA) के तहत आयोजित बैठक में दिए गए, जिसमें स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत चल रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
इसके अलावा बैठक में:
मनरेगा
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण)
के कार्यों की प्रगति पर भी चर्चा की गई।
31 मार्च तक कार्य पूरे करने के निर्देश
अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि वित्त वर्ष 2025-26 के लिए स्वीकृत कार्यों के लक्ष्य लगभग पूरे कर लिए गए हैं। शेष बचे कार्यों को 31 मार्च 2026 तक हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
ग्रे वाटर और कचरा प्रबंधन पर जोर
स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिले में विभिन्न कार्यों पर करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं:
ग्रे वाटर मैनेजमेंट:
ऊना ब्लॉक की 13 ग्राम पंचायतों में
₹47,88,700 खर्च
ठोस कचरा प्रबंधन:
ऊना ब्लॉक की 24 पंचायतों में
₹14,42,000 खर्च
ये योजनाएं ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को मजबूत कर रही हैं।
शौचालय निर्माण में प्रगति
व्यक्तिगत घरेलू शौचालयों के निर्माण के तहत:
अम्ब, बंगाणा, गगरेट, हरोली और ऊना ब्लॉक में
प्रत्येक ब्लॉक में 240-240 शौचालय बनाने का लक्ष्य रखा गया
इस कार्य पर कुल ₹1.44 करोड़ खर्च किए गए हैं।
सामुदायिक स्वच्छता परिसर
सामुदायिक स्वच्छता परिसरों के निर्माण में भी प्रगति हुई है:
कुल लक्ष्य: 150 कार्य
पूर्ण/प्रगति में: 108 कार्य
व्यय: ₹3.24 करोड़
कई पंचायतों में कार्य पूर्ण
अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि कई पंचायतों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के कार्य पूरे हो चुके हैं, जिनमें शामिल हैं:
अजौली (ऊना)
धधड़ी (अम्ब)
पंडोगा (हरोली)
मुच्छाली (बंगाणा)
इन परियोजनाओं से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था में सुधार हुआ है।
अधिकारियों को सख्त निर्देश
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि:
योजनाओं का लाभ समय पर पात्र लोगों तक पहुंचे
कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता न हो
विभागों के बीच बेहतर समन्वय बना रहे
ग्रामीण विकास पर फोकस
सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं।
इन योजनाओं का सही क्रियान्वयन:
ग्रामीण जीवन स्तर को बेहतर बनाता है
स्वास्थ्य और स्वच्छता में सुधार करता है
पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देता है
ऊना को अग्रणी जिला बनाने का लक्ष्य
अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि सभी विभाग आपसी सहयोग से कार्य करें, ताकि ऊना जिला विकास के मामले में प्रदेश का अग्रणी जिला बन सके।
निष्कर्ष
स्वच्छ भारत मिशन के तहत ऊना जिले में तेजी से कार्य किए जा रहे हैं और अधिकांश लक्ष्य पूरे होने के करीब हैं। यदि निर्धारित समय-सीमा में शेष कार्य पूरे कर लिए जाते हैं, तो यह जिला स्वच्छता और ग्रामीण विकास के क्षेत्र में एक उदाहरण बन सकता है।