ऊना जिला प्रशासन ने कानून और शांति व्यवस्था को और अधिक सख्त बनाने के लिए जिले में रात के समय सभी प्रकार की खनन गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का बड़ा निर्णय लिया है। उपायुक्त जतिन लाल ने शुक्रवार को पत्रकार वार्ता में बताया कि अब ऊना जिले में शाम 5 बजे से सुबह 6 बजे तक खनन, खनन सामग्री की ढुलाई और इससे संबंधित सभी गतिविधियां पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगी।
उल्लंघन की स्थिति में संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध तुरंत एफआईआर दर्ज की जाएगी।
पत्रकार वार्ता में पुलिस अधीक्षक अमित यादव और जिला खनन अधिकारी भी उपस्थित रहे।
दिन में सीमित समय पर ही अनुमति
वैध खनन लीजधारक सुबह 6 बजे से शाम 5 बजे तक खनन कर सकेंगे।
खनन सामग्री की ढुलाई के लिए समय सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित किया गया है।
समय या मार्ग का उल्लंघन करने पर सख्त दंडात्मक कार्रवाई होगी।
वैध ढुलाई के लिए विशेष कॉरिडोर तय
उपायुक्त ने बताया कि खनन सामग्री के परिवहन के लिए विशेष कॉरिडोर निर्धारित किए गए हैं।
निम्न मार्गों का पालन करना अनिवार्य होगा—
ऊना → नंगल (वाया मैहतपुर)
टाहलीवाल → गढ़शंकर (भंगला रोड वाया बाथड़ी)
दुलैहड़ → गढ़शंकर (वाया गोंदपुर जयचंद)
जननी → माहलपुर (वाया जननी खड्ड)
घालूवाल → होशियारपुर (वाया पंडोगा)
गगरेट → होशियारपुर (वाया आशा देवी बैरियर)
वीरभद्र चौक → नंगल (वाया सैजोवाल बैरियर)
अजौली → पंजाब सीमा
दौलतपुर → तलवाड़ा (वाया मराबाड़ी)
इन मार्गों से बाहर सामग्री ढुलाई करने पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
अवैध खनन पर कड़ी कार्रवाई
उपायुक्त जतिन लाल ने बताया कि भारी-भरकम चालान, मशीनरी जब्ती और लाइसेंस निलंबन जैसी कड़ी कार्रवाई के बावजूद अवैध खनन की शिकायतें मिलती रहती हैं।
इसी वजह से जिला प्रशासन ने अब और सख्त कदम उठाते हुए नाइट माइनिंग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है।
उन्होंने कहा—
“कानून से खिलवाड़ करने वाले असामाजिक तत्वों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।”
शराब ठेकों और अहातों की नई टाइमिंग
जिले में शराब ठेकों और अहातों के संचालन समय को स्पष्ट रूप से तय किया गया है—
सभी शराब ठेके रात 10 बजे तक ही खुलेंगे।
10 बजे के बाद बिक्री और संचालन पूर्ण रूप से बंद रहेगा।
सभी अनरजिस्टर्ड अहातों को तुरंत बंद करने का आदेश जारी।
हथियार लाइसेंसों की जिलेवार समीक्षा
उपायुक्त ने कहा कि जिले में सभी हथियार लाइसेंसों की पूरी री-वेरिफिकेशन की जाएगी।
इसके लिए एसडीएम, डीएसपी, तहसीलदार और रेंज ऑफिसर की संयुक्त टीमें बनाई गई हैं।
भूमि विवाद या किसी शिकायत से जुड़े लाइसेंस तुरंत निलंबित होंगे।
हथियार जब्त किए जाएंगे।
सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन या सार्वजनिक स्थानों पर हथियार दिखाना दंडनीय अपराध घोषित।
क्विक रिस्पॉन्स टीम तैनात, रात-दिन गश्त
पुलिस अधीक्षक अमित यादव ने बताया कि जिले में एक विशेष क्विक रिस्पॉन्स टीम बनाई गई है।
7–8 सदस्यों की यह टीम—
संवेदनशील इलाकों,
हाईवे
और सीमावर्ती क्षेत्रों
में लगातार पेट्रोलिंग करेगी और किसी भी अवैध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।