ऊना में जनगणना-2027 के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू

rakesh nandan

16/03/2026

भारत सरकार द्वारा प्रस्तावित जनगणना-2027 के सफल संचालन के लिए जिला ऊना में अधिकारियों और कर्मचारियों का प्रशिक्षण कार्यक्रम आरंभ किया गया है। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम ऊना में डीआरडीए सभागार में आयोजित किया जा रहा है। यह तीन दिवसीय प्रशिक्षण 18 मार्च तक चलेगा और इसका आयोजन जनगणना कार्य निदेशालय हिमाचल प्रदेश तथा जिला प्रशासन के निर्देशन में किया जा रहा है।


जनगणना विकास योजनाओं के लिए महत्वपूर्ण

प्रशिक्षण कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों को संबोधित करते हुए उपायुक्त जतिन लाल ने कहा कि जनगणना किसी भी देश के विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। उन्होंने बताया कि जनगणना के माध्यम से देश की जनसंख्या, सामाजिक-आर्थिक स्थिति, शिक्षा, आवास और अन्य महत्वपूर्ण आंकड़ों की जानकारी प्राप्त होती है। इन आंकड़ों के आधार पर सरकार भविष्य की नीतियां और विकास योजनाएं तैयार करती है।


जिम्मेदारी और पारदर्शिता के साथ कार्य करने के निर्देश

उपायुक्त ने प्रशिक्षण में भाग ले रहे अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे जनगणना से संबंधित प्रशिक्षण को पूरी गंभीरता, जिम्मेदारी और पारदर्शिता के साथ पूरा करें। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर सही और सटीक जानकारी एकत्रित करना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि जनगणना से प्राप्त आंकड़े राष्ट्रीय स्तर की योजनाओं के लिए आधार बनते हैं।


डिजिटल माध्यम से होगा अधिकांश कार्य

उपायुक्त जतिन लाल ने बताया कि इस बार जनगणना का अधिकांश कार्य डिजिटल माध्यम से किया जाएगा। इसके लिए फील्ड ट्रेनरों को मोबाइल ऐप और ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से डेटा संग्रहण की पूरी प्रक्रिया की जानकारी होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि डिजिटल तकनीक के उपयोग से जनगणना कार्य अधिक तेज और सटीक तरीके से पूरा किया जा सकेगा।


प्रशिक्षण में दी जा रही विस्तृत जानकारी

इस अवसर पर आशीष चौहान ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को जनगणना की पूरी प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण में निम्न विषयों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है:

  • जनगणना प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी

  • डेटा संकलन के तरीके

  • निर्धारित प्रपत्रों का सही उपयोग

  • मोबाइल और डिजिटल माध्यम से डेटा दर्ज करना

  • जनगणना के दौरान बरती जाने वाली सावधानियां

  • नागरिकों के साथ समन्वय स्थापित करने के तरीके


दो चरणों में होगी जनगणना

संयुक्त निदेशक ने बताया कि जनगणना दो चरणों में पूरी की जाएगी। पहला चरण:इस चरण में मकानों की सूची तैयार की जाएगी और भवनों की गणना की जाएगी। दूसरा चरण:
दूसरे चरण में जनसंख्या से संबंधित विस्तृत जानकारी एकत्रित की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि इस बार सरकार ने पहली बार डिजिटल प्लेटफॉर्म पर स्वगणना (Self Enumeration) की सुविधा भी उपलब्ध करवाई है, जिससे नागरिक स्वयं भी अपनी जानकारी ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे।


कई अधिकारी रहे उपस्थित

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में अतिरिक्त उपायुक्त महेन्द्रपाल गुर्जर भी मौजूद रहे। इसके अलावा कार्यक्रम में

  • जिला जनगणना अधिकारी दीपक यदुवंशी

  • वरिष्ठ जियोग्राफर विवेक कंवर

सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।


विभिन्न प्रशासनिक अधिकारी भी शामिल

प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिले के सभी

  • एसडीएम

  • तहसीलदार

  • नायब तहसीलदार

  • शहरी स्थानीय निकायों के प्रमुख

  • संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी

भाग ले रहे हैं।

इस प्रशिक्षण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जनगणना-2027 की प्रक्रिया जिले में सुव्यवस्थित, पारदर्शी और प्रभावी तरीके से संपन्न हो सके।