सिरमौर जिला में वित्तीय समावेशन और कृषि क्षेत्र को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 6031 करोड़ रुपये की वार्षिक ऋण योजना का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। यह जानकारी उपायुक्त सिरमौर प्रियंका वर्मा ने उपायुक्त कार्यालय सभागार में आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा समिति एवं जिला सलाहकार समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने बैंकर्स को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को कृषि ऋण से संबंधित सभी सुविधाएं समय पर और सुगमता से उपलब्ध करवाई जाएं। विशेष रूप से किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) से जुड़े मामलों को प्राथमिकता देते हुए शत-प्रतिशत सुविधा सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। उन्होंने कहा कि किसानों के लंबित ऋण मामलों का समयबद्ध निपटारा किया जाए ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
उपायुक्त प्रियंका वर्मा ने किसानों को फसल बीमा योजनाओं के प्रति जागरूक करने पर भी बल दिया। उन्होंने संबंधित विभागों और बैंकों को निर्देश दिए कि अधिक से अधिक जागरूकता शिविर आयोजित किए जाएं, जिससे किसान इन योजनाओं का लाभ उठा सकें और प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान से सुरक्षित रह सकें।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने वित्त वर्ष 2026-27 की वार्षिक ऋण योजना की पुस्तक का विधिवत विमोचन भी किया। इस योजना के तहत कुल 6031 करोड़ रुपये के ऋण वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसमें से 1100 करोड़ रुपये कृषि क्षेत्र, 2974 करोड़ रुपये एमएसएमई (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग), 262 करोड़ रुपये अन्य प्राथमिक क्षेत्रों तथा 94 करोड़ रुपये गैर प्राथमिक क्षेत्र (एनपीएस) के लिए निर्धारित किए गए हैं।
यह योजना जिले के समग्र आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी, विशेषकर कृषि और लघु उद्योगों को बढ़ावा देने में। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ने की उम्मीद है और उद्यमिता को प्रोत्साहन मिलेगा।
बैठक के उपरांत उपायुक्त ने यूको आरसेटी (RSETI) की बैठक की भी अध्यक्षता की, जिसमें जिले में चल रहे प्रशिक्षण और वित्तीय साक्षरता कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। जानकारी दी गई कि पिछले तीन महीनों के दौरान सिरमौर जिले में 08 वित्तीय साक्षरता शिविर आयोजित किए जा चुके हैं।
उपायुक्त ने बैंकों को निर्देश दिए कि वे जिले के दूरदराज क्षेत्रों में भी वित्तीय जागरूकता शिविरों का आयोजन सुनिश्चित करें, ताकि हर वर्ग तक बैंकिंग सेवाओं और योजनाओं की जानकारी पहुंच सके। उन्होंने कहा कि वित्तीय साक्षरता से ही लोग बेहतर आर्थिक निर्णय ले पाएंगे और सरकारी योजनाओं का लाभ उठा सकेंगे।
बैठक में एलडीएम यूको बैंक सरोज कुमार ने विभिन्न मदों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। इसके अलावा अग्रणी जिला अधिकारी आरबीआई राहुल जोशी, जिला विकास प्रबंधक नाबार्ड बिक्रमजीत सिंह, उप निदेशक कृषि साहब सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं बैंकों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
कुल मिलाकर यह बैठक सिरमौर जिले के आर्थिक विकास, किसानों की आय वृद्धि और वित्तीय समावेशन को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगी। प्रशासन और बैंकिंग संस्थाओं के समन्वय से आने वाले समय में जिले में विकास की नई संभावनाएं खुलने की उम्मीद है।