जिला सिरमौर में रविवार तड़के शुरू हुई मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया। जगह-जगह भारी भूस्खलन और मलबा आने से करीब 70 सड़कें बंद रहीं, जिससे वाहन चालकों और यात्रियों को भारी परेशानी उठानी पड़ी। लोक निर्माण विभाग ने राहत कार्य तेज करते हुए 10 से 15 सड़कों को बहाल कर दिया, जबकि बाकी सड़कों को सोमवार तक खोलने की उम्मीद जताई गई है। विभाग को अब तक करीब डेढ़ करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।
नदी-नाले उफान पर, खेतों और घरों को नुकसान
लगातार बारिश के कारण यमुना, गिरि और मारकण्डा नदियों में जलस्तर तेजी से बढ़ा। कई नदी-नाले उफान पर रहे और फसलों को नुकसान पहुंचा। कई घरों में पानी घुसने की खबरें भी सामने आई हैं।
धारटीधार और जमटा इलाके में बिजली संकट
धारटीधार क्षेत्र के कई हिस्सों में घंटों तक ब्लैक आउट रहा। जमटा क्षेत्र में तो सुबह से शाम 6 बजे तक बिजली पूरी तरह बंद रही। इससे स्थानीय लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
मात्तर पंचायत जलमग्न, स्कूल और घर प्रभावित
नाहन विधानसभा क्षेत्र की मात्तर पंचायत भी तेज बारिश की चपेट में आ गई। पंचायत का एक बड़ा हिस्सा जलमग्न हो गया है। पंचायत प्रधान का घर भी जलभराव की चपेट में है, वहीं करीब आधा दर्जन अन्य घर प्रभावित हुए हैं।