शिमला एयरपोर्ट क्षेत्र में सफाई व सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी

rakesh nandan

13/03/2026

शिमला एयरपोर्ट पर्यावरण प्रबंधन समिति की बैठक आयोजित

अनुपम कश्यप की अध्यक्षता में एयरपोर्ट पर्यावरण प्रबंधन समिति की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में शिमला एयरपोर्ट जुब्बड़हट्टी के आसपास पर्यावरण संरक्षण, सफाई व्यवस्था और सुरक्षा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य एयरपोर्ट के आसपास के क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाना और वन्यजीव गतिविधियों से जुड़े संभावित जोखिमों को कम करना था।


एयरपोर्ट के आसपास सफाई व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश

बैठक के दौरान उपायुक्त अनुपम कश्यप ने एयरपोर्ट के आसपास के क्षेत्रों में कूड़ा एकत्रीकरण की व्यवस्था को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट के आसपास स्वच्छता बनाए रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि कचरा और गंदगी से पक्षियों और अन्य वन्यजीवों की गतिविधियां बढ़ सकती हैं, जिससे हवाई सुरक्षा प्रभावित हो सकती है। इस दिशा में स्थानीय पंचायतों के साथ-साथ अन्य हितधारकों को भी शामिल किया जाएगा ताकि स्वच्छता अभियान को प्रभावी ढंग से लागू किया जा सके।


स्कूलों में चलाया जाएगा जागरूकता अभियान

उपायुक्त ने कहा कि एयरपोर्ट प्रबंधन को आसपास के स्कूलों और स्थानीय समुदायों में सफाई के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष अभियान चलाने चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि विद्यार्थियों और आम लोगों को स्वच्छता के महत्व के बारे में जागरूक किया जाए ताकि वे भी एयरपोर्ट के आसपास साफ-सफाई बनाए रखने में सहयोग कर सकें। ऐसे अभियान से पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ सामुदायिक भागीदारी भी बढ़ेगी।


वन्यजीव गतिविधियों पर भी हुई चर्चा

बैठक में एयरपोर्ट के आसपास होने वाली वन्यजीव गतिविधियों को लेकर भी विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। रिपोर्ट में बताया गया कि कुछ क्षेत्रों में तेंदुए की गतिविधियों के संकेत मिले हैं। इसे देखते हुए एयरपोर्ट प्रबंधन द्वारा तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरे खरीदने का निर्णय लिया गया है। इन पिंजरों को वन विभाग के सहयोग से एयरपोर्ट के आसपास के क्षेत्रों में लगाया जाएगा ताकि संभावित खतरे को नियंत्रित किया जा सके।


भवन निर्माण के लिए एनओसी अनिवार्य

उपायुक्त अनुपम कश्यप ने स्पष्ट किया कि एयरपोर्ट क्षेत्र के 10 किलोमीटर के दायरे में किसी भी प्रकार के भवन निर्माण के लिए एयरपोर्ट प्रबंधन से एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) लेना अनिवार्य होगा। उन्होंने एयरपोर्ट प्रबंधन के अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस संबंध में विस्तृत अधिसूचना जारी की जाए ताकि लोगों को नियमों की पूरी जानकारी मिल सके। यह कदम हवाई सुरक्षा और एयरपोर्ट के आसपास के क्षेत्र में निर्माण गतिविधियों को नियंत्रित करने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


एयरपोर्ट के लिए वैकल्पिक मार्ग तैयार करने के निर्देश

बैठक के दौरान उपायुक्त ने एयरपोर्ट के लिए वैकल्पिक मार्ग से जुड़ी औपचारिकताओं को भी जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वैकल्पिक मार्ग बनने से आपातकालीन स्थितियों में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने में मदद मिलेगी। इसके अलावा इससे यात्रियों को भी बेहतर आवागमन सुविधा मिल सकेगी।


खतरनाक पेड़ों की कटाई और छंटाई

बैठक में यह भी बताया गया कि एयरपोर्ट के आसपास कुछ पेड़ ऐसे हैं जो सुरक्षा की दृष्टि से जोखिम पैदा कर सकते हैं। इन पेड़ों की कटाई और छंटाई के लिए वन विभाग को रिपोर्ट भेजी जा चुकी है। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि यह रिपोर्ट संबंधित एसडीएम कार्यालय शिमला को भी भेजी जाए, जिसके बाद एक समिति गठित कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।


प्रशासन और विभागों के बीच समन्वय पर जोर

बैठक के दौरान उपायुक्त ने कहा कि एयरपोर्ट के आसपास पर्यावरण प्रबंधन और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नियमित रूप से स्थिति की समीक्षा करें और आवश्यक कदम उठाएं।


कई अधिकारी रहे उपस्थित

बैठक में एडीसी सचिन शर्मा, एडीएम (लॉ एंड ऑर्डर) पंकज शर्मा, जिला राजस्व अधिकारी नारायण सिंह वर्मा सहित एयरपोर्ट प्रबंधन के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने एयरपोर्ट क्षेत्र की सुरक्षा और पर्यावरण प्रबंधन से जुड़े विषयों पर अपने सुझाव भी प्रस्तुत किए।


सुरक्षित और स्वच्छ एयरपोर्ट क्षेत्र बनाने पर जोर

बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि एयरपोर्ट के आसपास का क्षेत्र स्वच्छ, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल होना चाहिए। इसके लिए प्रशासन, स्थानीय समुदाय और विभिन्न विभागों के बीच समन्वित प्रयास किए जाएंगे।