शिमला || 21 जुलाई 2025 || स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) की राज्य कमेटी ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार की आलोचना की है। एसएफआई का कहना है कि सरकार को सत्ता में आए तीन साल हो चुके हैं, लेकिन जो वादा किया गया था कि युवाओं को हर वर्ष 2 लाख नौकरियां दी जाएंगी, वह पूरी तरह से विफल रहा है। इसके विपरीत, जो नौकरियां उपलब्ध थीं, उन्हें भी ‘जॉब ट्रेनी’ योजना के माध्यम से समाप्त करने की कोशिश की जा रही है।
प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि प्रदेश में लाखों युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। पूर्व में बीजेपी सरकार द्वारा लायी गई आउटसोर्सिंग नीति की आलोचना करते हुए, एसएफआई ने वर्तमान कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाया कि वह पहले ‘शिक्षक वीर’ जैसी योजनाएँ और अब ‘जॉब ट्रेनी’ जैसी नीतियां लागू करके युवाओं को धोखा दे रही है।
एसएफआई ने यह भी कहा कि कांग्रेस सरकार की युवा विरोधी नीतियां प्रदेश के विकास में बाधा डाल रही हैं। छात्रों और युवाओं की मेहनत को नजरअंदाज करते हुए सरकार ऐसी नीतियों को लागू कर रही है, जिससे उनके सपनों पर पानी फिरता है।
एसएफआई ने मांग की है कि ‘जॉब ट्रेनी’ योजना को तत्काल प्रभाव से रद्द किया जाए, क्योंकि यह स्थाई रोजगार को समाप्त करने की सोची-समझी साजिश है। यदि सरकार इस योजना को समाप्त नहीं करती, तो एसएफआई पूरे प्रदेश के छात्रों और युवाओं को संगठित करके कांग्रेस सरकार के खिलाफ आंदोलन शुरू करेगी और इसके लिए प्रदेश सरकार जिम्मेदार होगी।