ऊना में ग्रामीण विकास योजनाओं की समीक्षा बैठक

rakesh nandan

07/03/2026

ऊना में ग्रामीण विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा

जतिन लाल, उपायुक्त ऊना ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीण विकास योजनाओं के अंतर्गत चल रहे सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जानी चाहिए। उपायुक्त यह निर्देश जिला ग्रामीण विकास अभिकरण की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दे रहे थे।


विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा

बैठक में जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के अंतर्गत प्रायोजित कई योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।

इन योजनाओं में प्रमुख रूप से शामिल हैं:

  • मनरेगा

  • प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण)

  • स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण)

  • प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना

बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों ने योजनाओं की वर्तमान स्थिति और प्रगति से संबंधित विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।


योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचे

उपायुक्त जतिन लाल ने कहा कि सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन हो सके।


ऊना को अग्रणी जिला बनाने का लक्ष्य

उपायुक्त ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के माध्यम से ऊना जिले को विकास के मामले में प्रदेश का अग्रणी जिला बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ऊना जिला भौगोलिक दृष्टि से सुगम है और सभी पंचायतों तक बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध है। इसलिए योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अगली समीक्षा बैठक में कार्यों की प्रगति स्पष्ट रूप से दिखाई देनी चाहिए।


मनरेगा में 99 प्रतिशत कामगारों की केवाईसी पूरी

बैठक में बताया गया कि जिले में मनरेगा के तहत पंजीकृत 38,394 कामगारों में से 37,953 कामगारों की आधार आधारित केवाईसी पूरी कर ली गई है। इस प्रकार जिले ने इस क्षेत्र में 99 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया है। इसके अतिरिक्त जिले की 229 ग्राम पंचायतों में से 55 ग्राम पंचायतों में मनरेगा मजदूरों की उपस्थिति फेस ऑथेंटिकेशन मशीन के माध्यम से दर्ज की जा रही है।


युक्तधारा कार्यक्रम के तहत कार्य

बैठक में यह भी बताया गया कि युक्तधारा कार्यक्रम के तहत मनरेगा के विकास कार्यों को एकीकृत कर 94 ग्राम पंचायतों में कार्य शुरू किए जा चुके हैं। इनमें गगरेट विकास खंड की सभी 40 ग्राम पंचायतें शामिल हैं। उपायुक्त ने सभी खंड विकास अधिकारियों को निर्देश दिए कि जल्द से जल्द सभी पंचायतों के विकास कार्यों को युक्तधारा के अंतर्गत अपलोड किया जाए।


स्वच्छ भारत मिशन में अच्छी प्रगति

बैठक में बताया गया कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिले में अच्छी प्रगति दर्ज की गई है। वित्त वर्ष 2025-26 के लिए स्वीकृत 2 करोड़ 83 लाख रुपये की राशि में से 2 करोड़ 39 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं।

इस दौरान:

  • 933 व्यक्तिगत शौचालय बनाए गए

  • 22 सामुदायिक शौचालय बनाए गए

  • 14 पृथक्करण शेड निर्मित किए गए

इसके अलावा जिले के चार विकास खंडों में स्थापित प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट इकाइयां भी कार्यरत हैं। उपायुक्त ने 31 मार्च तक निर्धारित लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए।


सिंचाई सुविधाओं का विस्तार

प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत जिले में सिंचाई सुविधाओं का भी विस्तार किया गया है। इस योजना के तहत स्वीकृत 8.69 करोड़ रुपये की राशि में से 8.31 करोड़ रुपये खर्च कर 8080 हेक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा प्रदान की गई है।


प्रधानमंत्री आवास योजना में प्रगति

प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत जिले में मकानों के निर्माण में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है।

वर्ष 2023-24 के लिए 884 मकानों का लक्ष्य निर्धारित किया गया था।

इनमें से:

  • 875 लाभार्थियों का पंजीकरण किया जा चुका है

  • 847 मकानों का निर्माण पूरा हो चुका है

यह कार्य जियो टैगिंग प्रक्रिया के माध्यम से सुनिश्चित किया गया है।


बैठक में अधिकारी रहे उपस्थित

इस बैठक में रमनवीर चौहान, परियोजना अधिकारी जिला ग्रामीण विकास अभिकरण सहित सभी खंड विकास अधिकारी और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।