भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने ऊना में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि 11 दिसंबर को पूरे होने वाले तीन वर्ष “जश्न के नहीं, व्यवस्था पतन के तीन वर्ष” हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार मंडी में जश्न मनाने की तैयारी कर रही है, जबकि प्रदेश की जनता इन तीन वर्षों में बदहाल हो चुकी है।
कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त — बिंदल
डॉ. बिंदल ने कहा कि इन तीन वर्षों में हिमाचल प्रदेश में अपराध की घटनाओं में भयावह वृद्धि हुई है।
लूट, चोरी, डकैती, फिरौती,
गोलीकांड,
हर जिला अपराधों से प्रभावित
उन्होंने कहा कि ऊना, चंबा, सिरमौर, कांगड़ा और किन्नौर जैसे जिलों में अपराध सामान्य बात बन चुके हैं, और सरकार कानून व्यवस्था बनाए रखने में पूरी तरह विफल रही है।
भारी कर्ज—लेकिन जनता को लाभ शून्य
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि सरकार ने भारी कर्ज लिया, लेकिन
जनता के हित में निवेश नहीं हुआ,
बेरोजगारों से बड़े-बड़े वादे किए गए,
1.5 लाख सरकारी पदों को समाप्त कर दिया गया।
यह बेरोजगार युवाओं के साथ “सबसे बड़ा धोखा” है।
शिक्षा व्यवस्था का पतन
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने शिक्षा व्यवस्था को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है।
पहली से पांचवीं तक अंग्रेजी माध्यम लागू कर दिया गया,
न शिक्षक प्रशिक्षित, न संसाधन उपलब्ध,
बोर्ड की विश्वसनीयता पर सवाल,
करीब 2000 स्कूल बंद कर दिए गए,
अध्यापक व्यवस्था बिखर गई।
स्वास्थ्य सेवाओं का संकट
डॉ. बिंदल ने कहा कि:
हिमकेयर बंद,
आयुष्मान भारत का लाभ सीमित,
अस्पतालों में दवाइयों की कमी,
गरीब इलाज के लिए भटकने को मजबूर।
उन्होंने इसे “स्वास्थ्य सेवा ढांचे का पतन” कहा।
भाई-भतीजावाद और माफिया राज
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार में—
भाई-भतीजावाद,
मित्रवाद,
माफिया संरक्षण
सामान्य हो गया है।
उन्होंने कहा कि मंडी में हजारों लोग अब भी आपदा के घाव झेल रहे हैं, जबकि सरकार जश्न मना रही है—यह “बर्बादी का उत्सव” है।
4 दिसंबर को धर्मशाला में भाजपा का विशाल प्रदर्शन
डॉ. बिंदल ने कहा कि सरकार की जनविरोधी नीतियों और व्यवस्था पतन के खिलाफ भाजपा 4 दिसंबर को धर्मशाला के जोरावर स्टेडियम में विशाल प्रदर्शन करेगी।
इस प्रदर्शन के माध्यम से सरकार को उसकी विफलताओं का आईना दिखाया जाएगा।
झूठी गारंटियों वाली सरकार — बिंदल
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार जिन झूठी गारंटियों के दम पर सत्ता में आई थी, वे पूरी तरह फेल हो चुकी हैं:
28 लाख बहनों को ₹1500 प्रतिमाह,
युवाओं को 58 वर्ष तक पक्की नौकरी,
पहली कैबिनेट में बड़े फैसले
सब “हवा-हवाई” साबित हुईं।
उन्होंने कहा कि “मित्र”, “रोगी मित्र”, “वन मित्र” जैसे पदनाम देकर युवाओं का शोषण किया जा रहा है।
भाजपा पर गुटबाजी के आरोपों पर जवाब
डॉ. बिंदल ने कहा कि मुख्यमंत्री बार-बार भाजपा पर गुटबाजी का आरोप लगाते हैं, जबकि सरकार अपनी विफलताओं से ध्यान भटकाने के लिए यह प्रचार कर रही है।
उन्होंने चुनौती दी—
“अगर कांग्रेस को लगता है कि भाजपा गुटों में बंटी है, तो कल ही चुनाव करा लें। जनता बता देगी कि कौन कहां खड़ा है।”
सरकार सभी मोर्चों पर विफल
उन्होंने कहा कि सरकार—
आपदा प्रबंधन,
समय पर वेतन व पेंशन,
कानून व्यवस्था,
नशा नियंत्रण
किसी भी मोर्चे पर सफल नहीं हुई।
डॉ. बिंदल ने कहा—
“ना भूतों ऐसी सरकार देखी गई और ना भविष्य में ऐसी देखने को मिलेगी।”
जनता से आह्वान
डॉ. बिंदल ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे 4 दिसंबर को धर्मशाला में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज बुलंद करें।