जिला हमीरपुर में युवाओं और महिलाओं को स्वरोजगार के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से मोमबत्ती निर्माण का प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है। सोमवार को पंजाब नेशनल बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान में 10 दिवसीय मोमबत्ती बनाने का प्रशिक्षण शिविर आरंभ हुआ। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के उद्घाटन अवसर पर पंजाब नेशनल बैंक के सर्कल कार्यालय हमीरपुर की मुख्य प्रबंधक पारुल उपाध्याय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं।
प्रशिक्षणार्थियों को स्वरोजगार के लिए प्रेरित किया
मुख्य अतिथि पारुल उपाध्याय ने प्रशिक्षणार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रतिभागियों को आत्मनिर्भर बनने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि मोमबत्ती निर्माण जैसे छोटे उद्योगों के माध्यम से प्रतिभागी आसानी से अपना स्वयं का व्यवसाय शुरू कर सकते हैं और आर्थिक रूप से सशक्त बन सकते हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि स्वरोजगार के माध्यम से समाज के आर्थिक विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
बैंक की योजनाओं की दी जानकारी
इस अवसर पर पारुल उपाध्याय ने प्रतिभागियों को बैंक की विभिन्न ऋण और जमा योजनाओं के बारे में भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बैंक स्वरोजगार शुरू करने के इच्छुक लोगों को कई प्रकार की वित्तीय सहायता प्रदान करता है। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से विभिन्न सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ उठाने की भी अपील की, जिनमें शामिल हैं:
प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना
प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना
अटल पेंशन योजना
सुकन्या समृद्धि योजना
उन्होंने कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से आम नागरिकों को वित्तीय सुरक्षा प्रदान की जाती है और भविष्य को सुरक्षित बनाया जा सकता है।
संस्थान की कार्यप्रणाली के बारे में दी जानकारी
इससे पहले कार्यक्रम की शुरुआत में संस्थान के निदेशक अजय कुमार कतना ने मुख्य अतिथि, अन्य अतिथियों और प्रशिक्षणार्थियों का स्वागत किया। उन्होंने प्रशिक्षण कार्यक्रम की रूपरेखा के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि यह प्रशिक्षण 10 दिनों तक चलेगा, जिसमें प्रतिभागियों को मोमबत्ती निर्माण की विभिन्न तकनीकों की व्यावहारिक और सैद्धांतिक जानकारी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि आरसेटी संस्थान ग्रामीण युवाओं और महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर उन्हें स्वरोजगार के लिए सक्षम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
प्रशिक्षण पूरी तरह निशुल्क
अजय कुमार कतना ने बताया कि यह पूरा प्रशिक्षण कार्यक्रम निशुल्क है। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को कई सुविधाएं भी प्रदान की जा रही हैं।
इन सुविधाओं में शामिल हैं:
प्रशिक्षणार्थियों के लिए वर्दी
प्रशिक्षण मैनुअल
स्टेशनरी किट
ये सभी सामग्री प्रतिभागियों को निःशुल्क प्रदान की जा रही हैं ताकि वे प्रशिक्षण को बेहतर तरीके से समझ सकें और सीख सकें।
कार्यक्रम में कई अधिकारी रहे मौजूद
उद्घाटन समारोह के दौरान पंजाब नेशनल बैंक के सर्कल कार्यालय के वरिष्ठ प्रबंधक ऋषि राम, वित्तीय साक्षरता सलाहकार जी.सी. भट्टी, संबंधित बैच के संकाय सदस्य विनय चौहान और आरसेटी के अन्य अधिकारी व कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
स्वरोजगार को बढ़ावा देने की पहल
ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मोमबत्ती निर्माण जैसे छोटे उद्योगों को कम लागत में शुरू किया जा सकता है, जिससे कई लोगों के लिए यह आय का अच्छा स्रोत बन सकता है। आरसेटी द्वारा आयोजित इस प्रकार के प्रशिक्षण शिविर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और लोगों को स्वरोजगार के लिए प्रेरित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माने जा रहे हैं।