राज्य स्तरीय नलवाड़ी मेला-2026 में इस वर्ष बच्चों की सुरक्षा और उनके अधिकारों को लेकर एक विशेष पहल देखने को मिली है। मेले में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 का जागरूकता स्टॉल लगाया गया है, जिसका उद्देश्य आमजन को बच्चों की सुरक्षा, संरक्षण और आपातकालीन सहायता सेवाओं के प्रति जागरूक करना है। इस स्टॉल के माध्यम से मेले में आने वाले हजारों लोगों को यह जानकारी दी जा रही है कि संकट में फंसे बच्चों की मदद कैसे की जा सकती है और किन परिस्थितियों में तुरंत सहायता के लिए हेल्पलाइन 1098 का उपयोग किया जाना चाहिए।
24 घंटे उपलब्ध निःशुल्क सेवा
जिला कार्यक्रम अधिकारी नरेंद्र कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 एक 24 घंटे संचालित होने वाली निःशुल्क राष्ट्रीय आपातकालीन सेवा है। इस सेवा के माध्यम से कोई भी बच्चा या जागरूक नागरिक संकट की स्थिति में तुरंत सहायता प्राप्त कर सकता है। उन्होंने बताया कि यह हेल्पलाइन विशेष रूप से उन बच्चों के लिए कार्य करती है, जो किसी प्रकार के शोषण या कठिन परिस्थितियों का सामना कर रहे हों।
किन परिस्थितियों में करें 1098 पर कॉल
1098 हेल्पलाइन के तहत निम्नलिखित मामलों में तुरंत सहायता उपलब्ध करवाई जाती है:
शारीरिक या मानसिक शोषण
यौन उत्पीड़न
बाल मजदूरी
बाल विवाह
मानव तस्करी
परित्याग या लावारिस स्थिति
लापता बच्चे
भावनात्मक संकट
ऐसे किसी भी मामले में तुरंत 1098 पर कॉल कर संबंधित एजेंसियों को सूचित किया जा सकता है।
कैसे काम करती है हेल्पलाइन
जैसे ही हेल्पलाइन पर कॉल प्राप्त होती है, प्रशिक्षित काउंसलर स्थिति का आकलन करते हैं और आवश्यकता के अनुसार संबंधित विभागों, पुलिस तथा गैर-सरकारी संगठनों को सूचित करते हैं। गंभीर मामलों में बच्चों का रेस्क्यू, सुरक्षित आश्रय की व्यवस्था और पुनर्वास प्रक्रिया भी सुनिश्चित की जाती है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि कॉल करने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाती है, जिससे लोग बिना किसी डर के जानकारी साझा कर सकें।
जागरूकता स्टॉल का उद्देश्य
मेले में लगाए गए इस स्टॉल का मुख्य उद्देश्य लोगों को यह समझाना है कि बच्चों की सुरक्षा केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के हर व्यक्ति का दायित्व है। यह स्टॉल लोगों को बच्चों से जुड़े कानूनी प्रावधानों, उनके अधिकारों और सुरक्षा उपायों के बारे में भी जागरूक कर रहा है।
विभाग की अपील
महिला एवं बाल विकास विभाग, हिमाचल प्रदेश तथा जिला बाल संरक्षण इकाई ने आमजन से अपील की है कि यदि उन्हें कहीं भी कोई बच्चा संकट में दिखाई दे, तो तुरंत 1098 हेल्पलाइन पर संपर्क करें। उन्होंने कहा कि एक छोटी सी सूचना किसी बच्चे के जीवन को सुरक्षित और बेहतर बना सकती है।
समाज की भूमिका
विशेषज्ञों का मानना है कि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समाज की सक्रिय भागीदारी बेहद जरूरी है। इस प्रकार के जागरूकता अभियान लोगों को संवेदनशील बनाते हैं और उन्हें बच्चों के अधिकारों के प्रति जागरूक करते हैं।
निष्कर्ष
नलवाड़ी मेला-2026 में लगाया गया चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 का जागरूकता स्टॉल एक सराहनीय पहल है, जो समाज में बच्चों की सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। यह पहल न केवल बच्चों को सुरक्षित रखने में मदद करेगी, बल्कि एक जिम्मेदार और संवेदनशील समाज के निर्माण में भी योगदान देगी।