मंडी में अंतर-पीढ़ी जागरूकता कार्यशाला आयोजित

rakesh nandan

28/03/2026

मंडी में सामाजिक समरसता और पीढ़ियों के बीच संवाद को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। Social Justice and Empowerment Department Himachal Pradesh के तत्वावधान में वरिष्ठ नागरिक कल्याण परिषद मंडी के सभागार में अंतर-पीढ़ी जागरूकता कार्यक्रम के अंतर्गत एक दिवसीय विस्तृत कार्यशाला आयोजित की गई।

इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों और युवाओं के बीच संवाद, समन्वय और पारस्परिक सम्मान को सुदृढ़ करना था। कार्यक्रम में लगभग 120–130 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिसमें वरिष्ठ नागरिकों के साथ युवा वर्ग की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम की अध्यक्षता Ashok Awasthi ने की।

अपने संबोधन में अशोक अवस्थी ने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों का अनुभव और युवाओं की ऊर्जा समाज के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने इस प्रकार के कार्यक्रमों की निरंतरता पर बल देते हुए कहा कि इससे समाज में संतुलन और समझ बढ़ती है।

कार्यक्रम के दौरान “टॉक एंड एक्सचेंज” सत्र आयोजित किया गया, जिसमें वरिष्ठ नागरिकों और युवाओं ने अपने विचार, अनुभव और जीवन के दृष्टिकोण साझा किए। इस सत्र ने दोनों पीढ़ियों के बीच समझ और संवेदनशीलता को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई।

इसके अलावा काव्य पाठ सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने जीवन के विभिन्न पहलुओं जैसे संघर्ष, अनुभव, संवेदनाएं और आशाओं को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। इस सत्र ने कार्यक्रम में एक भावनात्मक और सकारात्मक वातावरण का निर्माण किया।

कार्यशाला में एएसपी Abhimanyu Verma ने साइबर अपराधों से बचाव को लेकर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों को फर्जी कॉल, ओटीपी साझा करने की धोखाधड़ी, बैंकिंग फ्रॉड और सोशल मीडिया ठगी से बचने के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत पुलिस को सूचना देना जरूरी है।

स्वास्थ्य के क्षेत्र में डॉ. विक्रांत ठाकुर ने योग, प्राणायाम और संतुलित आहार के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि नियमित योगाभ्यास और आयुर्वेदिक जीवनशैली अपनाकर वृद्धावस्था में भी स्वस्थ और सक्रिय जीवन जिया जा सकता है।

वहीं State Bank of India के प्रबंधक सुनील कुमार ने डिजिटल बैंकिंग के सुरक्षित उपयोग पर जानकारी दी। उन्होंने एटीएम, यूपीआई, मोबाइल बैंकिंग और इंटरनेट बैंकिंग के उपयोग में सावधानी बरतने की सलाह दी और वरिष्ठ नागरिकों को डिजिटल रूप से सशक्त बनने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम के अंत में रणपत राणा और तेज सिंह गुप्ता ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया और सभी अतिथियों, वक्ताओं एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर तहसील कल्याण अधिकारी सदर चंदन गुलेरिया ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम समाज में पारिवारिक मूल्यों और आपसी सहयोग को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

कुल मिलाकर, यह कार्यशाला न केवल जागरूकता बढ़ाने का माध्यम बनी, बल्कि इसने दो पीढ़ियों के बीच संवाद और समझ को भी मजबूत किया। ऐसे आयोजन समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने और सामूहिक विकास को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।