जिला प्रशासन शिमला द्वारा कसुम्पटी में नई तहसील के गठन का प्रस्ताव प्रदेश सरकार को भेज दिया गया है। यह जानकारी देते हुए अनुपम कश्यप, उपायुक्त शिमला ने बताया कि कसुम्पटी क्षेत्र में नई तहसील का गठन वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए अत्यंत आवश्यक हो गया है।
उपायुक्त ने बताया कि वर्तमान में कसुम्पटी क्षेत्र शिमला ग्रामीण तहसील के अंतर्गत आता है, जहां भौगोलिक क्षेत्र अत्यधिक विस्तृत है और जनसंख्या घनत्व भी लगातार बढ़ रहा है। शिमला ग्रामीण तहसील के अंतर्गत इस समय कुल 32 पटवार सर्कल आते हैं, जिनमें कसुम्पटी, शिमला ग्रामीण और शिमला शहरी विधानसभा क्षेत्रों का बड़ा हिस्सा शामिल है।
उन्होंने कहा कि शिमला शहर के आसपास तेजी से बढ़ती जनसंख्या, राजस्व मामलों की बढ़ती संख्या, न्यायालयीन प्रकरणों, फील्ड वेरिफिकेशन तथा प्रशासनिक कार्यों के कारण आम जनता और अधिकारियों दोनों को अनेक व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए कसुम्पटी में नई तहसील बनाने का प्रस्ताव तैयार कर प्रदेश सरकार को भेजा गया है।
नए प्रस्ताव के अनुसार कसुम्पटी तहसील के अंतर्गत कुल 17 पटवार सर्कल और 4 फील्ड कानूनगो सर्किल होंगे। इस तहसील के अंतर्गत कुल 17,032.29 हेक्टेयर भूमि क्षेत्र, 86,983 खसरा नंबर तथा 12,080 खतौनी नंबर शामिल होंगे। इसके साथ ही नई तहसील लगभग 91,924 की आबादी को कवर करेगी।
उपायुक्त ने बताया कि चार नए पटवार सर्कल—चमियाना, रझाना, डूम्मी और जनोल—प्रस्तावित किए गए हैं। वहीं, दो फील्ड कानूनगो सर्किल कसुम्पटी/चमियाना तथा शोघी क्षेत्र में स्थापित किए जाने का प्रस्ताव है।
उन्होंने कहा कि नई तहसील के गठन से क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले 83 सरकारी स्कूल, 21 डाकघर, 27 बैंक शाखाएं तथा विभिन्न सरकारी कार्यालय सीधे तहसील स्तर पर सेवाओं से जुड़ सकेंगे, जिससे प्रशासनिक कार्यों में तेजी आएगी और आम जनता को राजस्व सेवाओं का लाभ समयबद्ध रूप से मिल सकेगा।
जिला प्रशासन को विश्वास है कि कसुम्पटी में नई तहसील के गठन से प्रशासनिक दक्षता बढ़ेगी, राजस्व मामलों का शीघ्र निपटारा संभव होगा और आम नागरिकों को बेहतर सुविधा प्राप्त होगी।