आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की तैयारियों को मजबूत करने के उद्देश्य से जाखू रोपवे में आज मॉक ड्रिल आयोजित की गई। मॉक ड्रिल सुबह 11 बजे शुरू हुई, जिसमें एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, होमगार्ड के जवानों और विभिन्न विभागों के अधिकारी शामिल हुए।
100 मीटर ऊपर फंसी ट्रॉली से सुरक्षित रेस्क्यू का अभ्यास
ड्रिल के दौरान जमीन से लगभग 100 मीटर की ऊंचाई पर रोपवे की ट्रॉली में फंसे लोगों को रस्सी की सहायता से सुरक्षित नीचे उतारा गया। बचाव दलों ने वास्तविक आपदा जैसी स्थिति निर्मित कर अत्यंत सावधानी से रेस्क्यू ऑपरेशन पूरा किया।
एडीएम ज्योति राणा ने दी जानकारी
मॉक ड्रिल की अगुवाई अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी (एडीएम) प्रोटोकॉल ज्योति राणा ने की। उन्होंने कहा कि जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा जाखू रोपवे में समय-समय पर इस तरह की मॉक ड्रिल आयोजित की जाती हैं, जिससे आपदा के समय त्वरित व प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि यदि कभी रोपवे में स्थानीय लोग या सैलानी फंस जाते हैं, तो ऐसी स्थिति में किस प्रकार से बचाव कार्य संचालित किया जाएगा, इसका अभ्यास इन ड्रिलों से होता है।
बचाव उपकरणों की प्रदर्शनी भी आयोजित
मॉक ड्रिल के दौरान एनडीआरएफ और एसडीआरएफ टीमों द्वारा उनके अत्याधुनिक बचाव उपकरणों की प्रदर्शनी भी लगाई गई। इससे अधिकारियों और उपस्थित लोगों को रेस्क्यू तकनीकों, उपकरणों और सुरक्षा प्रक्रियाओं की बेहतर समझ मिली।