हमीरपुर में 4338 किशोरियों को लगेगा एचपीवी टीका

rakesh nandan

06/03/2026

हमीरपुर में शुरू होगा एचपीवी टीकाकरण अभियान

सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए हमीरपुर जिले में भी एचपीवी टीकाकरण अभियान आरंभ किया जाएगा। इस अभियान के पहले चरण में 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की लगभग 4,338 किशोरियों को एचपीवी वैक्सीन का एक-एक टीका लगाया जाएगा। अभियान की रूपरेखा तय करने के लिए गंधर्वा राठौड़ ने वीरवार को स्वास्थ्य, आयुष, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा और अन्य विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की।


29 मार्च से शुरू होगा टीकाकरण

उपायुक्त ने बताया कि अभियान के पहले चरण के दौरान जिले में सभी आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं।

जिले के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों में टीकाकरण निम्न तिथियों को किया जाएगा:

  • 29 मार्च 2026

  • 5 अप्रैल 2026

  • 12 अप्रैल 2026

इन तिथियों पर सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक किशोरियों को एचपीवी वैक्सीन लगाई जाएगी।


छूटी किशोरियों के लिए भी विशेष सत्र

जिन किशोरियों को पहले चरण में टीका नहीं लग पाएगा, उनके लिए विशेष टीकाकरण सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।

ये सत्र निम्न तिथियों को आयोजित होंगे:

  • 19 अप्रैल 2026

  • 10 मई 2026

  • 24 मई 2026

  • 21 जून 2026

इन अतिरिक्त सत्रों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र किशोरी टीकाकरण से वंचित न रहे।


टीकाकरण के दिन इन बातों का रखें ध्यान

उपायुक्त गंधर्वा राठौड़ ने बताया कि टीकाकरण के दिन किशोरियां अपने अभिभावकों के साथ स्वास्थ्य केंद्र आएं।

इसके अलावा उन्हें कुछ आवश्यक सावधानियां भी बरतनी होंगी:

  • घर से खाना खाकर ही टीका लगवाने आएं

  • अपने साथ आधार कार्ड या अन्य पहचान पत्र लाएं

  • ओटीपी सत्यापन के लिए मोबाइल फोन साथ रखें

इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य टीकाकरण प्रक्रिया को व्यवस्थित और सुरक्षित बनाना है।


टीके के बाद निगरानी की व्यवस्था

उपायुक्त ने बताया कि अन्य सामान्य वैक्सीनों की तरह इस टीके के बाद भी कुछ किशोरियों को हल्की असुविधा महसूस हो सकती है। इसी को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा पहले से ही आवश्यक तैयारियां की गई हैं। टीका लगने के बाद प्रत्येक किशोरी को कुछ मिनटों तक स्वास्थ्य केंद्र में ही रखा जाएगा ताकि किसी भी संभावित प्रतिक्रिया की स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता दी जा सके।


सर्वाइकल कैंसर के बारे में महत्वपूर्ण तथ्य

उपायुक्त ने बताया कि महिलाओं में बार-बार संक्रमण होने के कारण सर्वाइकल कैंसर का खतरा बढ़ जाता है

एक अध्ययन के अनुसार:

  • लगभग 99.7 प्रतिशत मामलों में इसका कारण लंबे समय तक रहने वाला संक्रमण होता है।

  • एक लाख महिलाओं में लगभग 14 महिलाएं इस बीमारी से प्रभावित पाई जाती हैं।

महिलाओं में यह स्तन कैंसर के बाद दूसरा सबसे अधिक पाया जाने वाला कैंसर है।

हालांकि समय पर टीकाकरण और जागरूकता के माध्यम से इस गंभीर बीमारी से बचाव संभव है।


सभी विभागों को दिए निर्देश

उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि 29 मार्च से शुरू होने वाले अभियान के लिए निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। इसके साथ ही उन्होंने आयुष विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग और शिक्षा विभाग को भी इस अभियान में सक्रिय सहयोग देने के निर्देश दिए।


अधिकारियों ने दी तैयारियों की जानकारी

बैठक के दौरान डॉ. प्रवीण चौधरी और डॉ. अजय अत्री ने टीकाकरण अभियान की तैयारियों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।