मास्टर गेम्स में हिमाचल के खिलाड़ी पहली बार भाग लेंगे

rakesh nandan

22/03/2026

राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाले मास्टर गेम्स में इस बार एक नया इतिहास बनने जा रहा है, क्योंकि पहली बार हिमाचल प्रदेश के खिलाड़ी भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। यह अवसर प्रदेश के खिलाड़ियों के लिए बेहद खास माना जा रहा है, खासकर उन वरिष्ठ खिलाड़ियों के लिए जो लंबे समय से खेलों से जुड़े रहे हैं लेकिन उम्र बढ़ने के कारण सक्रिय प्रतियोगिताओं में भाग नहीं ले पा रहे थे।

मेस्ट्रो स्पोर्ट्स एसोसिएशन हिमाचल प्रदेश और एडवेंचर एंड मास्टर स्पोर्ट्स फेडरेशन दिल्ली के बीच अनुबंध तय हो गया है। इस समझौते के बाद अब हिमाचल प्रदेश के खिलाड़ी भी राष्ट्रीय स्तर की इन प्रतियोगिताओं में भाग लेने के पात्र हो गए हैं। यह पहल प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के साथ-साथ वरिष्ठ नागरिकों को भी खेलों से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

जानकारी के अनुसार, दिल्ली में 9 अप्रैल से 12 अप्रैल 2026 तक इन राष्ट्रीय स्तर की खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। इसमें 30 वर्ष से लेकर 100 वर्ष तक के खिलाड़ी हिस्सा ले सकेंगे। यह अपने आप में एक अनोखी पहल है, जिसमें विभिन्न आयु वर्ग के खिलाड़ियों को एक मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा।

मीडिया से बातचीत के दौरान मेस्ट्रो स्पोर्ट्स एसोसिएशन हिमाचल प्रदेश के अध्यक्ष राजेंद्र शर्मा ने बताया कि यह पहली बार है जब हिमाचल प्रदेश के खिलाड़ी इस स्तर की प्रतियोगिता में भाग लेने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस पहल से प्रदेश के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी और उनका आत्मविश्वास भी बढ़ेगा।

उन्होंने आगे बताया कि आमतौर पर लोग 30 वर्ष की उम्र के बाद अपने व्यवसाय और कामकाज में व्यस्त हो जाते हैं, जिसके कारण वे अपनी सेहत और फिटनेस पर ध्यान नहीं दे पाते। ऐसे में मास्टर गेम्स जैसी प्रतियोगिताएं लोगों को दोबारा खेलों से जुड़ने का अवसर प्रदान करती हैं। इससे न केवल शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर होता है बल्कि मानसिक रूप से भी व्यक्ति सक्रिय रहता है।

इन प्रतियोगिताओं में एथलेटिक्स, बैडमिंटन, फुटबॉल, वॉलीबॉल और टेबल टेनिस जैसे कई खेल शामिल किए गए हैं। खिलाड़ियों को अपनी पसंद के खेल में भाग लेने का अवसर मिलेगा। यह प्रतियोगिता न केवल प्रतिस्पर्धा का मंच है, बल्कि एक ऐसा अवसर भी है जहां विभिन्न राज्यों के खिलाड़ी आपस में अनुभव साझा कर सकते हैं।

हिमाचल प्रदेश में इस घोषणा के बाद खिलाड़ियों में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। कई खिलाड़ी पहले ही इस प्रतियोगिता के लिए तैयारी शुरू कर चुके हैं और आवेदन प्रक्रिया में भी तेजी आई है। एसोसिएशन ने अधिक से अधिक खिलाड़ियों से इस अवसर का लाभ उठाने की अपील की है।

इस पहल से यह भी उम्मीद की जा रही है कि आने वाले समय में हिमाचल प्रदेश में भी इस तरह की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा, जिससे स्थानीय स्तर पर खिलाड़ियों को और अधिक अवसर मिल सकें। यह कदम राज्य में खेलों के विकास के लिए एक नई दिशा साबित हो सकता है।

अंत में, यह कहा जा सकता है कि मास्टर गेम्स में हिमाचल प्रदेश के खिलाड़ियों की भागीदारी न केवल प्रदेश के लिए गर्व का विषय है, बल्कि यह देशभर में वरिष्ठ खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणादायक उदाहरण बनेगा।