जिला हमीरपुर में निजी विद्यालयों की मान्यता और मान्यता नवीनीकरण से संबंधित महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक कमल किशोर भारती ने जानकारी देते हुए बताया कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए जिला के निजी विद्यालयों की मान्यता के नवीनीकरण तथा वर्ष 2026-31 तक नई मान्यता प्राप्त करने के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 30 मार्च 2026 कर दी गई है। उन्होंने बताया कि सभी आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे और किसी भी प्रकार का ऑफलाइन आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा।
ऑनलाइन पोर्टल पर ही करना होगा आवेदन
उपनिदेशक ने बताया कि मान्यता और मान्यता नवीनीकरण के लिए आवेदन ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से किया जा सकता है। इसके लिए विद्यालयों को Emerging Himachal Portal वेबसाइट पर जाकर अपना आवेदन भरना होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा विभाग की ओर से केवल ऑनलाइन आवेदन ही स्वीकार किए जाएंगे और ऑफलाइन आवेदन को मान्य नहीं माना जाएगा।
आरटीई अधिनियम के प्रावधान लागू
कमल किशोर भारती ने बताया कि यह प्रक्रिया शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 तथा हिमाचल प्रदेश में लागू निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम 2011 के प्रावधानों के अनुसार लागू की जा रही है। इन नियमों के तहत जिला हमीरपुर के सभी निजी विद्यालयों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार मान्यता प्राप्त करना अनिवार्य है।
विभिन्न स्तर के विद्यालयों के लिए अलग प्रक्रिया
उपनिदेशक ने बताया कि विद्यालयों के स्तर के अनुसार आवेदन अलग-अलग अधिकारियों को भेजे जाएंगे।
प्री-प्राइमरी से पांचवीं कक्षा तक के विद्यालय अपने आवेदन निर्धारित शुल्क के साथ संबंधित बीईईओ (ब्लॉक एलीमेंट्री एजुकेशन ऑफिसर) को ऑनलाइन भेजेंगे।
प्राइमरी से आठवीं कक्षा तथा छठी से आठवीं कक्षा तक के विद्यालय अपने आवेदन प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक कार्यालय को ऑनलाइन प्रेषित करेंगे।
त्रुटियों को ऑनलाइन किया जाएगा ठीक
उन्होंने बताया कि यदि किसी आवेदन में त्रुटि पाई जाती है तो उसे ऑनलाइन ही संबंधित विद्यालय को वापस भेज दिया जाएगा। विद्यालय आवश्यक संशोधन करने के बाद अपने आवेदन को दोबारा ऑनलाइन जमा कर सकते हैं। सभी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद सही पाए गए आवेदनों के लिए मान्यता प्रमाण पत्र या मान्यता नवीनीकरण पत्र भी ऑनलाइन ही जारी किए जाएंगे।
मान्यता के बिना दाखिला नहीं
शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 में केवल वही निजी विद्यालय विद्यार्थियों को प्रवेश दे सकेंगे जिनके पास विभाग द्वारा जारी मान्यता प्रमाण पत्र होगा। यदि कोई विद्यालय बिना मान्यता के संचालित पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मान्यता के लिए निर्धारित शुल्क
शिक्षा विभाग ने मान्यता और नवीनीकरण के लिए शुल्क भी निर्धारित किया है।
प्री-प्राइमरी से पांचवीं कक्षा तक नई मान्यता – ₹5000
विद्यालय को स्तरोन्नत कर छठी से आठवीं तक नई मान्यता – ₹5000
पहली से आठवीं तक नई मान्यता – ₹10,000
पहली से आठवीं तक मान्यता नवीनीकरण शुल्क – ₹500 प्रति वर्ष
समय पर आवेदन करने की अपील
उपनिदेशक कमल किशोर भारती ने जिले के सभी निजी विद्यालयों से अपील की है कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर अपने आवेदन ऑनलाइन जमा करें। उन्होंने कहा कि समय पर आवेदन करने से मान्यता प्रक्रिया को सुचारू रूप से पूरा किया जा सकेगा और विद्यालयों को आगामी शैक्षणिक सत्र में विद्यार्थियों के प्रवेश में किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।