दिनांक 29.11.2025 और 30.11.2025 को विभिन्न समाचार पत्रों व ऑनलाइन पोर्टलों में HEIS द्वारा हाल ही में की गई नियुक्तियों में अनियमितताओं के संबंध में प्रकाशित समाचार पूरी तरह भ्रामक, असत्य और तथ्यों के विपरीत हैं।
राजकीय महाविद्यालय घुमारवीं द्वारा यह स्पष्ट किया जाता है कि HEIS के अंतर्गत की गई सभी नियुक्तियाँ निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए और पूर्णतः मेरिट के आधार पर की गई हैं। महाविद्यालय प्रशासन सदैव पारदर्शिता, निष्पक्षता और योग्यता आधारित चयन प्रक्रिया के प्रति प्रतिबद्ध रहा है। समाचारों में यह आरोप लगाया गया कि एक अतिथि अध्यापक का चयन इसलिए किया गया क्योंकि वे HEIS सचिव की पत्नी हैं और योग्य अभ्यर्थियों की अनदेखी हुई। महाविद्यालय प्रशासन इन आरोपों को पूर्णतः मनगढ़ंत, भ्रामक और गलत तथ्यों पर आधारित बताते हुए निम्न बिंदुओं को स्पष्ट करता है:
महाविद्यालय द्वारा जारी आधिकारिक स्पष्टीकरण
1️⃣ चयनित अभ्यर्थी पीएच.डी. धारक हैं और UGC द्वारा निर्धारित सभी आवश्यक शैक्षणिक अर्हताएँ पूर्ण करती हैं।
2️⃣ उनका चयन पूरी तरह योग्यता, पात्रता और मेरिट के आधार पर किया गया है।
3️⃣ साक्षात्कार एक विधिवत गठित चयन समिति द्वारा करवाया गया, जिसमें आंतरिक एवं बाहरी विषय विशेषज्ञ शामिल थे।
4️⃣ HEIS सचिव चयन समिति के सदस्य नहीं थे, न ही वे नियुक्ति करने के प्राधिकारी हैं; अतः उनके द्वारा नियुक्ति करवाने का आरोप तथ्यहीन है।
5️⃣ महाविद्यालय प्रशासन अपने सभी कार्यों में नियमों, पारदर्शिता, निष्पक्षता और उच्च शिक्षा के मानकों का पालन करता है और आगे भी करता रहेगा।
महाविद्यालय प्रशासन ने कहा कि मीडिया में प्रकाशित खबरें न केवल असत्य हैं, बल्कि संस्थान की छवि को नुकसान पहुंचाने वाली भी हैं। महाविद्यालय उच्च शिक्षा में स्थापित मानकों व पारदर्शी प्रक्रियाओं का दृढ़ता से पालन करता है और HEIS की नियुक्तियों को लेकर किसी भी प्रकार का अनियमितता का आरोप निराधार है।
प्रो. प्रीतम लाल
प्राचार्य
राजकीय महाविद्यालय, घुमारवीं (बिलासपुर), हिमाचल प्रदेश