शहरों में सड़कों पर पालतू पशुओं को बेसहारा छोड़ने वालों के खिलाफ अब कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। टैग लगे लावारिस पशुओं के मालिकों की पहचान कर उनके विरुद्ध एफआईआर दर्ज की जाएगी। मीडिया से बात करते हुए राजीव सांख्यान, एसडीएम नाहन ने बताया कि प्रशासन ने सड़कों पर बेसहारा पशुओं के बढ़ते मामलों को गंभीरता से लिया है। उन्होंने कहा कि शहर की गलियों और मुख्य सड़कों पर घूम रहे पशुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे यातायात बाधित हो रहा है और दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। उन्होंने बताया कि कई मामलों में बाजार क्षेत्रों में पशुओं के अचानक हमले से लोगों के घायल होने की घटनाएं भी सामने आई हैं। इसे देखते हुए नगर परिषद नाहन, पशुपालन विभाग और पुलिस विभाग को इस संबंध में पत्र लिखकर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
एसडीएम ने बताया कि नगर परिषद शहर में घूम रहे लावारिस पशुओं की पहचान करेगी। पशुपालन विभाग के सहयोग से पशुओं के कानों में लगे टैग के आधार पर उनके मालिकों का पता लगाया जाएगा। जैसे ही यह स्पष्ट होगा कि किसी पालतू पशु को जानबूझकर सड़कों पर छोड़ा गया है, संबंधित पशु मालिक के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत पुलिस द्वारा मामला दर्ज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एफआईआर दर्ज होने के बाद पशु मालिकों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य शहर में यातायात व्यवस्था को सुरक्षित रखना और आम जनता को होने वाली परेशानी से निजात दिलाना है।