आपदा में केंद्र ने हिमाचल का साथ नहीं छोड़ा: कश्यप

rakesh nandan

27/12/2025

भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने कहा कि केंद्र सरकार ने हर आपदा की घड़ी में हिमाचल प्रदेश की भरपूर सहायता की है। अब तक प्रदेश को 5800 करोड़ रुपये से अधिक की राहत राशि प्राप्त हो चुकी है, जो यह प्रमाणित करता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार हिमाचल के साथ मजबूती से खड़ी रही है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने हिमाचल प्रदेश के लिए किसी भी प्रकार की कमी नहीं छोड़ी। वर्ष 2023 की भीषण आपदा हो या वर्ष 2025 की आपदाएं, केंद्र सरकार ने त्वरित निर्णय लेते हुए राहत एवं पुनर्वास कार्यों के लिए उदार सहायता प्रदान की।

सुरेश कश्यप ने बताया कि वर्ष के अंत में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली राज्य सरकार के लिए केंद्र से राहत भरी खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने आपदा राहत एवं पुनर्वास के लिए 601.92 करोड़ रुपये की दूसरी किश्त जारी कर दी है। इस संबंध में ऑफिस मेमोरेंडम जारी कर भारतीय रिज़र्व बैंक को राशि तत्काल राज्य सरकार के खाते में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए गए हैं।

उन्होंने कहा कि यह राशि पोस्ट डिजास्टर नीड असेसमेंट (PDNA) के तहत नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फंड की रिकवरी एवं रीकंस्ट्रक्शन विंडो से जारी की गई है। इससे पहले केंद्र सरकार हिमाचल को 400 करोड़ रुपये से अधिक की पहली किश्त जारी कर चुकी है। वर्ष 2023 की आपदा के बाद PDNA के तहत प्रदेश में 9300 करोड़ रुपये से अधिक के नुकसान का आकलन किया गया था, जिसके आधार पर कुल 1504.80 करोड़ रुपये की सहायता स्वीकृत की गई।

सांसद कश्यप ने कहा कि 2023 की आपदा में प्रदेश में 500 से अधिक लोगों की जान गई, जबकि 2025 में भी आपदाओं के कारण 454 लोगों की मृत्यु दर्ज की गई। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस वर्ष भी हिमाचल के लिए 1500 करोड़ रुपये की सहायता की घोषणा की और स्वयं हवाई सर्वेक्षण कर स्थिति का जायजा लिया।

उन्होंने कहा कि जहां कांग्रेस सरकार केंद्र पर आरोप लगाने की राजनीति करती रही है, वहीं सच्चाई यह है कि केंद्र सरकार ने हिमाचल की हर आपदा में खुलकर मदद की है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संवेदनशील नेतृत्व और भाजपा सरकार की प्रदेश के प्रति प्रतिबद्धता का स्पष्ट प्रमाण है।