हिमाचल प्रदेश के भोरंज विधानसभा क्षेत्र में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) को लेकर प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है। इसी कड़ी में मिनी सचिवालय में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसमें सेक्टर अधिकारियों, बूथ लेवल अधिकारियों (BLO), सुपरवाइजरों और नोडल अधिकारियों को इस प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यशाला की अध्यक्षता करते हुए एसडीएम एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी शशिपाल शर्मा ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे इस प्रक्रिया को गंभीरता से समझें और भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करें।
🔹 2002 के बाद पहली बार विशेष पुनरीक्षण
निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी ने बताया कि Election Commission of India द्वारा वर्ष 2002 के बाद अब वर्ष 2026 में मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण करवाया जा रहा है। यह प्रक्रिया लोकतंत्र को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सभी पात्र नागरिकों के नाम मतदाता सूची में शामिल हों और अपात्र व्यक्तियों के नाम हटाए जाएं।
🔹 शुद्ध मतदाता सूची बनाने पर जोर
शशिपाल शर्मा ने कहा कि सही और शुद्ध मतदाता सूची चुनाव प्रक्रिया की आधारशिला होती है। यदि सूची में त्रुटियां होंगी, तो चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता प्रभावित हो सकती है। इसीलिए सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे घर-घर जाकर सत्यापन करें और पूरी प्रक्रिया को सावधानीपूर्वक पूरा करें।
🔹 अधिकारियों को दी गई विस्तृत जानकारी
कार्यशाला के दौरान अधिकारियों को SIR प्रक्रिया की सभी बारीकियों से अवगत कराया गया। इसमें निम्न बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया गया:
- नए पात्र मतदाताओं का पंजीकरण
- अपात्र मतदाताओं के नाम हटाना
- डेटा का सही संकलन और सत्यापन
- समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करना
इस प्रशिक्षण से अधिकारियों को अपने दायित्वों को बेहतर ढंग से निभाने में मदद मिलेगी।
🔹 समन्वय और जिम्मेदारी पर जोर
एसडीएम ने सभी अधिकारियों से समन्वय के साथ कार्य करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह कार्य केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी ही नहीं, बल्कि लोकतंत्र को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण योगदान भी है।
🔹 अन्य अधिकारी भी रहे उपस्थित
इस कार्यशाला में तहसीलदार भोरंज डॉ. आशीष शर्मा, तहसीलदार बमसन सौरभ धीमान सहित कई अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने कार्यशाला में सक्रिय भागीदारी करते हुए प्रक्रिया को समझा और अपने सुझाव भी साझा किए।
🔹 लोकतंत्र को मजबूत करने की पहल
मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण लोकतंत्र को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इससे यह सुनिश्चित होता है कि चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी रहे।