ऊना में मिशन मोड में लागू हो रहा ‘अपना विद्यालय’ कार्यक्रम

rakesh nandan

25/01/2026

मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की दूरदर्शी पहल ‘अपना विद्यालय – हिमाचल स्कूल अडॉप्शन कार्यक्रम’ ऊना जिले में मिशन मोड में प्रभावी ढंग से लागू की जा रही है। उपायुक्त जतिन लाल की सतत मॉनिटरिंग और प्रशासनिक अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी से सरकारी विद्यालयों में शैक्षणिक वातावरण सुदृढ़ होने के साथ-साथ विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, लक्ष्य-बोध और आगे बढ़ने की ठोस प्रेरणा विकसित हो रही है।

उपायुक्त जतिन लाल ने बताया कि इस कार्यक्रम की मूल भावना अधिकारियों की सक्रिय सहभागिता और नियमित संवाद के माध्यम से सरकारी विद्यालयों में गुणात्मक एवं प्रेरणात्मक शैक्षणिक वातावरण का निर्माण करना है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को निरंतर मार्गदर्शन, प्रेरणा, ज्ञान का सार्थक आदान-प्रदान तथा विद्यालयों से जुड़ी समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने गोद लिए गए विद्यालयों में नियमित समय दें और विद्यार्थियों से निरंतर जुड़ाव बनाए रखें।

पहले चरण में 83 सरकारी स्कूल शामिल

उपायुक्त ने जानकारी दी कि ‘अपना विद्यालय–हिमाचल स्कूल अडॉप्शन कार्यक्रम’ के अंतर्गत ऊना जिले में प्रथम चरण में 83 सरकारी विद्यालयों को शामिल किया गया है, जिन्हें विभिन्न प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा गोद लिया गया है।

उपायुक्त ऊना ने स्वयं चार सरकारी विद्यालय गोद लिए हैं, जिनमें राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (कन्या) ऊना, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला हरोली, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला थानाकलां (बंगाणा) तथा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला धुसाड़ा (अम्ब) शामिल हैं। वे इन विद्यालयों में नियमित रूप से जाकर विद्यार्थियों से संवाद करते हैं और अन्य गोद लिए गए विद्यालयों का भी समय-समय पर निरीक्षण कर फीडबैक लेते हैं।

इसके अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, अतिरिक्त उपायुक्त, एएसपी, एसडीएम, तहसीलदार, बीडीओ, डीएसपी सहित अन्य प्रशासनिक एवं विभागीय अधिकारी भी अपने-अपने गोद लिए गए विद्यालयों में नियमित रूप से पहुंचकर विद्यार्थियों का मार्गदर्शन कर रहे हैं।

करियर गाइडेंस से व्यक्तित्व विकास तक सहयोग

गोद लिए गए विद्यालयों में अधिकारी करियर गाइडेंस, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, व्यक्तित्व विकास, प्रशासनिक कार्यप्रणाली की जानकारी, पढ़ने-लिखने की आदत विकसित करने तथा सकारात्मक जीवन दृष्टि जैसे विषयों पर विद्यार्थियों से संवाद कर रहे हैं। साथ ही विद्यालयों की आवश्यकताओं के अनुसार लाइब्रेरी, आईसीटी सुविधाएं, खेल गतिविधियां और अन्य आधारभूत संसाधनों को भी सुदृढ़ किया जा रहा है।

बच्चों के सपनों को संबल दे रहा प्रशासन

गौरतलब है कि उपायुक्त जतिन लाल गोद लिए गए विद्यालयों में नियमित विजिट कर विद्यार्थियों के साथ समय बिताते हैं। वे बच्चों को बड़े लक्ष्य निर्धारित करने, आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने और निरंतर परिश्रम के लिए प्रेरित करते हैं। एक अवसर पर उन्होंने छात्राओं के साथ मिड-डे मील का भोजन भी साथ बैठकर किया, जिससे प्रशासन और विद्यार्थियों के बीच आत्मीय एवं भावनात्मक जुड़ाव और अधिक मजबूत हुआ।

उपायुक्त ने कहा कि ऊना जिले में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की शिक्षा-केंद्रित सोच को इस कार्यक्रम के माध्यम से ट्रू स्पिरिट में धरातल पर उतारा जा रहा है। आगामी चरणों में और अधिक विद्यालयों तथा अधिकारियों को इस पहल से जोड़ा जाएगा, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इसका लाभ मिल सके।