उपायुक्त अमरजीत सिंह ने कहा कि प्रशासनिक एवं विभागीय कार्यों में आधुनिक तकनीक, विशेषकर सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) के उपयोग से जहां कार्यों में तेजी आई है, वहीं पारदर्शिता और अधिकारियों की जवाबदेही भी सुनिश्चित हुई है। मंगलवार को हमीर भवन में सुशासन सप्ताह के अंतर्गत आयोजित अधिकारियों की कार्यशाला को संबोधित करते हुए उपायुक्त ने कहा कि समय और परिस्थितियों के अनुसार प्रशासनिक कार्यप्रणाली में बदलाव आवश्यक है, लेकिन इसका मूल उद्देश्य आम नागरिकों को बेहतर और सुगम सेवाएं प्रदान करना ही है।
उन्होंने कहा कि आईटी क्रांति के चलते अब हर स्तर पर डिजिटल सेवाओं को प्राथमिकता दी जा रही है, जिससे प्रशासनिक तंत्र में दक्षता बढ़ी है और आम लोगों को लाभ मिल रहा है। लोकतांत्रिक व्यवस्था के सशक्त होने, नागरिकों में बढ़ती जागरूकता तथा प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक व सोशल मीडिया के विस्तार के कारण अधिकारियों से अपेक्षाएं भी बढ़ी हैं। उपायुक्त ने अधिकारियों से आह्वान किया कि वे डिजिटल तकनीक के माध्यम से अपने कार्यों में अधिक तत्परता लाएं। उन्होंने कहा कि जिला सुशासन सूचकांक में हमीरपुर जिले का प्रदर्शन सराहनीय रहा है, जिसे और बेहतर बनाने के लिए सभी अधिकारियों को निरंतर प्रयासरत रहना चाहिए।
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त अभिषेक गर्ग ने भी अधिकारियों को संबोधित करते हुए सुशासन के लक्ष्यों को प्राप्त करने हेतु जिला प्रशासन द्वारा किए गए विशेष प्रयासों की जानकारी दी। वहीं विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने आम नागरिकों की सुविधा के लिए आरंभ की गई डिजिटल सेवाओं की विस्तृत जानकारी साझा की।
